मध्य प्रदेश के धार स्थित भोजशाला परिसर एक बार फिर देशभर में चर्चा का केंद्र बना हुआ है। शुक्रवार को यहां विशेष महाआरती का आयोजन किया गया, जबकि लंबे समय बाद परिसर में जुमे की नमाज नहीं होने की खबर ने माहौल को और संवेदनशील बना दिया। प्रशासन ने पूरे क्षेत्र को सुरक्षा छावनी में तब्दील कर दिया है और चप्पे-चप्पे पर निगरानी रखी जा रही है।
सुबह से ही भोजशाला परिसर के बाहर श्रद्धालुओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। वैदिक मंत्रोच्चार और धार्मिक अनुष्ठानों के बीच महाआरती संपन्न हुई। बड़ी संख्या में साधु-संत और श्रद्धालु आयोजन में शामिल हुए। प्रशासन ने प्रवेश के लिए विशेष व्यवस्था बनाई थी ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
इधर, जुमे की नमाज को लेकर भी पूरे दिन चर्चाएं होती रहीं। सुरक्षा एजेंसियों ने एहतियात के तौर पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया। ड्रोन कैमरों से निगरानी की गई और संवेदनशील इलाकों में बैरिकेडिंग की गई। अधिकारियों का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की पहली प्राथमिकता है।
भोजशाला को लेकर लंबे समय से धार्मिक और ऐतिहासिक विवाद चलता आ रहा है। ऐसे में हर शुक्रवार यहां प्रशासन विशेष सतर्कता बरतता है। इस बार भी किसी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए शहरभर में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत की गई।






