शिक्षक एमएलसी चुनाव में भाजपा प्रत्याशी हरि सिंह ढिल्लों के समर्थन में मुख्यमंत्री ने शिक्षक मतदाताओं से किया संवाद, कानून-व्यवस्था, रोजगार, शिक्षा और विकास के मुद्दों पर विपक्ष को घेरा
बरेली। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बरेली में शिक्षक एमएलसी चुनाव को लेकर आयोजित कार्यक्रम में समाजवादी पार्टी पर तीखा राजनीतिक हमला बोला। बरेली-मुरादाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा प्रत्याशी डॉ. हरि सिंह ढिल्लों के समर्थन में शिक्षक मतदाताओं से संवाद करते हुए मुख्यमंत्री ने कानून-व्यवस्था, शिक्षा, रोजगार और प्रदेश के विकास को लेकर अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि पहले त्योहारों से पहले प्रदेश में दंगे होते थे, लेकिन अब दंगाई जेल के अंदर उर्स मना रहे हैं। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि उत्तर प्रदेश अब दंगा और कर्फ्यू मुक्त प्रदेश बन चुका है।
पहले एक जिला, एक माफिया था, अब एक जिला, एक उत्पाद की पहचान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्ववर्ती समाजवादी पार्टी सरकार पर अपराधियों और माफियाओं को संरक्षण देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश में ‘एक जिला, एक माफिया’ की स्थिति थी, जबकि भाजपा सरकार ने ‘एक जिला, एक उत्पाद’ के माध्यम से जिलों को नई पहचान दिलाने का काम किया है।
उन्होंने कहा कि पिछली सरकारों में अपराधियों का बोलबाला था और आम नागरिकों में असुरक्षा का माहौल रहता था। मुख्यमंत्री ने दावा किया कि वर्तमान सरकार में अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जा रही है। अब अपराधी पुलिस की गाड़ी देखकर डरते हैं। उन्होंने ‘एक जिला, एक कुजीन’ जैसी पहल का भी उल्लेख किया।
सपा का संबंध शिक्षकों से नहीं, माफियाओं से रहा: योगी
समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि सपा सरकार में मुख्यमंत्री आवास पर शिक्षकों, व्यापारियों और समाज के प्रबुद्ध वर्ग के बजाय गैंगस्टरों और अपराधियों को महत्व दिया जाता था। उन्होंने कहा कि सपा नेताओं का संबंध शिक्षकों और महिलाओं के हितों से अधिक माफियाओं से रहा है।
मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के नेता माफियाओं की मौत के बाद उनकी कब्रों पर जाकर फातिहा पढ़ते हैं। उन्होंने इसे सपा की राजनीतिक कार्यशैली से जोड़ते हुए विपक्ष पर तीखा प्रहार किया।
शहीदों के नाम पर भी सपा को घेरा
मुख्यमंत्री ने शाहजहांपुर के महान क्रांतिकारियों पंडित रामप्रसाद बिस्मिल, अशफाक उल्ला खां और ठाकुर रोशन सिंह को श्रद्धापूर्वक नमन किया। उन्होंने कहा कि देश की आजादी में इन महान क्रांतिकारियों का योगदान अविस्मरणीय है।
योगी आदित्यनाथ ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के नेताओं को महान स्वतंत्रता सेनानियों के नाम तक की सही जानकारी नहीं थी। उन्होंने तत्कालीन शिक्षा मंत्री पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उन्हें पंडित रामप्रसाद बिस्मिल और उस्ताद बिस्मिल्लाह खां के बीच का अंतर तक नहीं मालूम था।
साढ़े नौ साल में साढ़े नौ लाख नौकरियां देने का दावा
मुख्यमंत्री ने रोजगार के मुद्दे पर कहा कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश सरकार ने साढ़े नौ लाख लोगों को नौकरियां दी हैं। उन्होंने भारत की अर्थव्यवस्था में हुई वृद्धि का भी उल्लेख किया।
शिक्षकों के कल्याण पर चर्चा करते हुए उन्होंने प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षकों, शिक्षामित्रों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए कैशलेस चिकित्सा सुविधा का जिक्र किया। इसके अलावा स्कूलों में कार्यरत रसोइयों को सामाजिक सुरक्षा और सुरक्षा बीमा योजनाओं का लाभ देने की बात कही।
शिक्षा के क्षेत्र में नई उपलब्धियां गिनाईं
मुख्यमंत्री ने उच्च शिक्षा के विस्तार का उल्लेख करते हुए शाहजहांपुर में स्वामी शुकदेवानंद विश्वविद्यालय और मुरादाबाद में गुरु जम्भेश्वर विश्वविद्यालय की स्थापना का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और युवाओं के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में काम कर रही है।
शिक्षक एमएलसी चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के समर्थन की अपील
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिक्षक मतदाताओं से भाजपा प्रत्याशी डॉ. हरि सिंह ढिल्लों के समर्थन की अपील की। उन्होंने कहा कि योग्य प्रतिनिधि का चयन शिक्षा और विकास की नई इबारत लिखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
मुख्यमंत्री ने भाजपा प्रत्याशी की जीत का विश्वास जताते हुए कहा कि शिक्षकों की भूमिका प्रदेश के भविष्य निर्माण में अत्यंत महत्वपूर्ण है। कार्यक्रम के समापन के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ लखनऊ के लिए रवाना हो गए।
मुख्यमंत्री के इस संबोधन में कानून-व्यवस्था और शिक्षा के साथ समाजवादी पार्टी पर किए गए तीखे राजनीतिक हमले प्रमुख चर्चा का विषय रहे।





