दीपक यादव हमीरपुर उत्तर प्रदेश
हमीरपुर।
जलोदय जल अभियान के अंतर्गत चन्द्रावल नदी में चल रहे पुनरोद्धार कार्य की प्रगति का जायजा लेने के लिए जिलाधिकारी घनश्याम मीना ने मौदहा विकासखंड के ग्राम भवानी, छिरका, नरायच, टोलामाफ एवं पढ़ोहरी में अधिकारियों की टीम के साथ औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने बताया कि मुख्यमंत्री की प्रेरणा से जनपद की जीवनदायिनी चन्द्रावल नदी का पुनरोद्धार कार्य जनसहयोग एवं जनभागीदारी से कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह ऐतिहासिक नदी जनपद हमीरपुर में लगभग 68 किलोमीटर की दूरी तय करती है, जिसके पुनरोद्धार हेतु 19 प्वाइंट चिन्हित किए गए हैं। प्रत्येक प्वाइंट पर निर्धारित जिम्मेदारियां तय की गई हैं, ताकि कार्य समयबद्ध व गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण हो सके।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि इस अभियान में किसी भी प्रकार की सरकारी धनराशि का उपयोग नहीं किया जा रहा है। नदी पुनरोद्धार से 22 ग्राम पंचायतों की जनता को सीधा लाभ मिलेगा, जिससे क्षेत्र का जलस्तर बढ़ेगा और बरसात के मौसम में खेतों के कटान की समस्या से भी निजात मिलेगी। नदी से निकाली गई सिल्ट का उपयोग दोनों किनारों पर सघन वृक्षारोपण में किया जाएगा।
इस अवसर पर ग्रामीणों ने जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान की सराहना की।
निरीक्षण के उपरांत जिलाधिकारी ने ग्राम सिसोलर स्थित गौशाला का भी निरीक्षण किया। उन्होंने गौवंशों को गुड़ खिलाकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया तथा सर्दी को देखते हुए सभी गौशालाओं में पुख्ता इंतज़ाम करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नियमित रूप से अलाव जलाए जाएं, पर्याप्त भूसा-चारा उपलब्ध कराया जाए तथा टीन शेड, पानी और लाइट की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जिलाधिकारी ने कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि किसी भी गौशाला में सर्दी या चारे-पानी की कमी से यदि कोई गौवंश हताहत होता है, तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।







