रसड़ा में महिला ने लगाया दुष्कर्म का आरोप-एफ.आई. आर.दर्ज
(रिपोर्ट- नेहाल अख्तर)
(Express news bharat)
(जिला संवाददता बलिया)
बलिया के रसड़ा थाना क्षेत्र में एक महिला से बलात्कार, घर में जबरन घुसने और जान से मारने की धमकी के मामले में पुलिस ने प्राथमिकी (FIR) दर्ज की है। यह कार्रवाई घटना के लगभग छह महीने बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘जनता दर्शन’ और डीआईजी आजमगढ़ मंडल के हस्तक्षेप के बाद हुई।
रसड़ा पुलिस ने आरोपी अशर्फ जौहरी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पीड़िता की पहचान रसड़ा निवासी रेहाना खातून (पत्नी दिलशाद अहमद) के रूप में हुई है, जबकि आरोपी अशर्फ जौहरी है। बताया गया है कि पीड़िता ने आरोपी के खिलाफ बलिया न्यायालय में एक प्रकीर्ण वाद (संख्या 963/2025) दायर किया था, जिसके प्रतिशोध में आरोपी ने इस घटना को अंजाम दिया। वारदात 27 नवंबर 2025 को हुई थी, जबकि एफआईआर 3 जून को दर्ज की गई।
पीड़िता के अनुसार, 27 नवंबर 2025 को आरोपी अशर्फ जौहरी उसके घर में जबरन घुस गया। घर में अकेला पाकर उसने महिला के साथ बलात्कार किया और धमकी दी कि यदि वह बलिया कोर्ट गई तो उसे जान से मरवा देगा।
घटना के बाद 31 मार्च को पीड़िता जब रसड़ा कोतवाली पहुंची, तो तत्कालीन थाना प्रभारी योगेंद्र बहादुर सिंह ने उसकी शिकायत दर्ज करने से इनकार कर दिया। आरोप है कि थाना प्रभारी ने पीड़िता को फटकार लगाते हुए कहा कि वह एफआईआर दर्ज नहीं करेंगे, चाहे कहीं से भी आदेश ले आओ। पुलिस पर पीड़िता को झूठे केस में फंसाने और जेल भेजने की धमकी देने का भी आरोप है।
स्थानीय पुलिस के सहयोग न मिलने पर पीड़िता ने 9 अप्रैल लखनऊ में मुख्यमंत्री के ‘जनता दर्शन’ कार्यक्रम में अपनी गुहार लगाई। मुख्यमंत्री कार्यालय के निर्देश पर तत्कालीन एसपी बलिया को मामले में कार्रवाई के आदेश दिए गए, जिसके बाद यह एफआईआर दर्ज की जा सकी।






