बांका जिले के फुल्लीडुमर प्रखंड स्थित मध्य विद्यालय इटहरी ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि प्रतिभा संसाधनों की मोहताज नहीं होती। राजधानी पटना में आयोजित राज्य स्तरीय पीबीएल यानी प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग मेले में विद्यालय के छात्रों और उनके मेंटर शिक्षक ने गणित विषय में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए प्रतिष्ठित पुरस्कार अपने नाम किया है। इस उपलब्धि से पूरे बांका जिले में हर्ष का माहौल है।
राज्य स्तर पर मिली बड़ी उपलब्धि
यह सम्मान उन्हें एस.सी.ई.आर.टी. बिहार द्वारा आयोजित भव्य राज्य स्तरीय पीबीएल मेले में मिला। समारोह में मध्य विद्यालय इटहरी के प्रतिभाशाली छात्रों और उनके मार्गदर्शक शिक्षक सिद्धांत जी को गणित के क्षेत्र में प्रोजेक्ट बेस्ड लर्निंग के तहत किए गए नवाचार और उत्कृष्ट कार्यों के लिए पुरस्कृत किया गया।
छात्रों द्वारा तैयार किए गए गणितीय मॉडल और प्रोजेक्ट्स ने प्रदर्शनी में आए सभी अतिथियों और विशेषज्ञों का ध्यान अपनी ओर आकर्षित किया।
रश्मि प्रभा के हाथों हुआ सम्मान
पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान इन होनहार छात्रों और उनके शिक्षक को रश्मि प्रभा के हाथों सम्मानित किया गया। यह पल पूरे विद्यालय परिवार और बांका जिले के लिए गर्व का क्षण बन गया।
मंच से छात्रों के आत्मविश्वास और उनकी वैज्ञानिक सोच की जमकर सराहना की गई।
गणमान्य अतिथियों ने बढ़ाया हौसला
इस राज्य स्तरीय आयोजन में बिहार सरकार के कई शीर्ष अधिकारी और मंत्रीगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम में मुख्य रूप से सुनील कुमार (बिहार के शिक्षा मंत्री), बी. राजेंद्र (एसीएस) तथा दिनेश कुमार, निदेशक एससीईआरटी ने शिरकत की।
सभी अतिथियों ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और विभिन्न जिलों से आए छात्रों के प्रोजेक्ट्स की सराहना की। विशेष रूप से मिडिल स्कूल इटहरी के बच्चों की गणितीय समझ और नवाचार को सराहा गया।
पीबीएल से निखर रही ग्रामीण प्रतिभा
कार्यक्रम के दौरान यह भी रेखांकित किया गया कि पीबीएल जैसी आधुनिक शिक्षण पद्धति ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को अपनी प्रतिभा दिखाने का बेहतर मंच प्रदान कर रही है। बांका जैसे जिले से आए इन छात्रों की सफलता इस बात का प्रमाण है कि सही मार्गदर्शन और मेहनत से कोई भी छात्र राज्य स्तर पर अपनी पहचान बना सकता है।
रिपोर्ट: मनोरंजन प्रसाद, ब्यूरो चीफ, बांका।







