नेपाल में जारी विरोध प्रदर्शनों का आज चौथा दिन है। Gen-Z आंदोलनकारियों ने सुप्रीम कोर्ट की पूर्व मुख्य न्यायाधीश सुशीला कार्की को अगले प्रधानमंत्री के रूप में समर्थन दिया है। इसी बीच, अंतरिम सरकार के गठन की कवायद तेज हो गई है। हालात बिगड़ने पर नेपाल सेना ने काठमांडू, ललितपुर और भक्तपुर जिलों में कर्फ्यू 12 सितंबर सुबह 6 बजे तक बढ़ा दिया है।
आवश्यक सेवाओं से जुड़ी गाड़ियां सीमित समय के लिए संचालित होंगी, जबकि जरूरी सामान की दुकानें सुबह 6–9 बजे और शाम 5–7 बजे खुलेंगी। लगातार हिंसा और विरोध प्रदर्शनों से जरूरी वस्तुओं की सप्लाई बाधित है, जिससे महंगाई बढ़ने की आशंका है।
8 सितंबर से सोशल मीडिया बैन के खिलाफ भड़के इस आंदोलन में अब तक 30 लोगों की मौत और 500 से अधिक लोग घायल हो चुके हैं। जनता भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और पारदर्शिता की कमी के खिलाफ सख्त नाराजगी जता रही है।
रिपोर्ट : ज्योति नौटियाल






