मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ में चर्चित सौरभ राजपूत हत्याकांड में दोषी करार दी गई मुस्कान रस्तोगी और उसके प्रेमी साहिल को मृत्युदंड सुनाए जाने के बाद अब सजा के अमल को लेकर चर्चा तेज हो गई है। मुस्कान को मथुरा जेल में फांसी दिए जाने की संभावना जताई जा रही है। मथुरा जेल में प्रदेश का एकमात्र महिला फांसी घर होने के कारण इस जेल का नाम सामने आया है।
हालांकि, मृत्युदंड सुनाए जाने के बाद सजा पर अमल की प्रक्रिया इतनी आसान नहीं होती। सत्र न्यायालय द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा की संबंधित उच्च न्यायालय से पुष्टि होना जरूरी है। इसके बाद दोषियों के पास अपील करने और नियमानुसार दया याचिका दाखिल करने जैसे कानूनी विकल्प भी उपलब्ध हो सकते हैं।
मथुरा जेल के अधीक्षक अंशुमन गर्ग के मुताबिक, यदि आगे की कानूनी प्रक्रिया में कोई बाधा नहीं आती है, तो मुस्कान को मथुरा जेल में फांसी दी जा सकती है। हालांकि, फिलहाल फांसी की तारीख या सजा पर अमल को लेकर कोई अंतिम स्थिति तय नहीं मानी जा सकती।
सौरभ राजपूत हत्याकांड ने पूरे प्रदेश में व्यापक चर्चा बटोरी थी। अब अदालत के फैसले के बाद आगे की न्यायिक प्रक्रिया पर नजरें टिकी हैं। मृत्युदंड की पुष्टि, संभावित अपील और अन्य कानूनी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद ही सजा के अमल को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






