आयुष मलिक से जुड़े धर्मांतरण मामले में हाईकोर्ट ने बड़ा आदेश दिया है। अदालत ने निर्देश दिया है कि आयुष मलिक को 16 सितंबर को कोर्ट के सामने पेश किया जाए। इस आदेश के बाद मामले में अगली सुनवाई को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
मामले में आयुष मलिक के पिता की ओर से भी अपना पक्ष रखा गया है। पिता का कहना है कि उनका बेटा बंधक नहीं है और वह रोजाना दुकान पर काम करता है। उन्होंने बेटे को बंधक बनाए जाने से जुड़े दावों को खारिज किया है।
अब हाईकोर्ट के निर्देश के बाद 16 सितंबर की तारीख अहम मानी जा रही है। अदालत में आयुष मलिक की पेशी के दौरान मामले से जुड़े कई सवालों पर स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है।
फिलहाल इस मामले में सभी की नजरें हाईकोर्ट की अगली सुनवाई पर टिकी हैं। अदालत में पेशी के बाद आगे की तस्वीर साफ हो सकती है।





