नगर के कांधला रोड स्थित एक अवैध पैंठ (अस्थायी पशु बाजार) में पशुओं के साथ कथित तौर पर क्रूरता और दुर्व्यवहार किए जाने की शिकायतें सामने आई हैं। इस मामले को लेकर स्थानीय लोगों में रोष व्याप्त है और उन्होंने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कांधला रोड पर मीम एग्रो फूड के नाम से एक मीट फैक्ट्री संचालित है, जहां आसपास के विभिन्न क्षेत्रों से पशु व्यापारी दूध देने वाली और कम उम्र की भैंसों को बेचने के लिए लेकर आते हैं। बताया जाता है कि व्यापारी फैक्ट्री के निकट सड़क किनारे ही ट्रकों और अन्य वाहनों से पशुओं को उतारकर अवैध रूप से खरीद-फरोख्त शुरू कर देते हैं। इससे जहां एक ओर सड़क पर यातायात प्रभावित होता है, वहीं पशुओं के साथ अमानवीय व्यवहार के मामले भी सामने आते हैं।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कई व्यापारी पशुओं को वाहनों से उतारते समय बेहद बेरहमी का व्यवहार करते हैं। कई बार पशुओं को सीधे ट्रकों से धक्का देकर सड़क पर गिरा दिया जाता है। यदि कोई पशु नीचे उतरने में हिचकिचाता है तो उसे जबरन उतारने के लिए उसकी नाजुक जगहों पर सरिया या नुकीली वस्तु चुभोई जाती है, जिससे दर्द के कारण वह तड़पते हुए ट्रक से कूदने पर मजबूर हो जाता है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार इस प्रक्रिया में कई पशु गंभीर रूप से घायल हो जाते हैं और कुछ के घुटने तक टूट जाते हैं। इसके बावजूद व्यापारी घायल पशुओं को मारते-पीटते हुए मीट प्लांट तक ले जाते हैं। आरोप है कि मीट प्लांट में तैनात डॉक्टर इन पशुओं की जांच कर उन्हें स्वस्थ घोषित कर देता है, जिसके बाद उन्हें वध के लिए भेज दिया जाता है।
क्षेत्र के लोगों का कहना है कि सड़क किनारे इस प्रकार की अवैध गतिविधियों से न केवल वातावरण खराब हो रहा है, बल्कि पशुओं के साथ की जा रही क्रूरता भी मानवता के विरुद्ध है। उन्होंने प्रशासन और संबंधित विभागों से मांग की है कि इस अवैध पैंठ को तत्काल बंद कराया जाए और पशुओं के साथ दुर्व्यवहार करने वालों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं पर रोक लग सके।






