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झालावाड़ की हर बेटी पहुंचेगी एम्स में आगामी 27 जून को एम्स बीएससी नर्सिंग (ऑनर्स) 2026 के लिए करियर एक्सपर्ट ने बताया सफलता का ब्लूप्रिंट

झालावाड़ से ब्यूरो चीफ आसिफ शेरवानी की रिपोर्ट

एम्स बीएससी नर्सिंग की महापरीक्षा-एक लक्ष्य के साथ जुट जाए एक महीने पूरी स्मार्ट स्टडी के साथ

एम्स दिल्ली सहित 19 एम्स में बीएससी नर्सिंग (ऑनर्स) प्रवेश परीक्षा 27 जून को –
पूरा एक माह हर वर्ग की बेटी के लिए तैयारी करने का सुनहरा मौका

✍️ डॉ नयन प्रकाश गांधी ,करियर एक्सपर्ट ,एनएलपी लाइफ कोच ,मैनेजमेंट विश्लेषक ,पब्लिक पॉलिसी एक्सपर्ट

भारत सरकार ने स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना (पीएमएसएसवाई) के अधीन एम्स दिल्ली के तर्ज पर देश के विभिन्न राज्यों में विभिन्न ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) स्थापित किए। भारत देश की राजधानी दिल्ली सहित कई राज्यों में स्थापित एम्स में बीएससी नर्सिंग में प्रवेश के लिए सामान्य प्रवेश परीक्षा एम्स बीएससी नर्सिंग प्रतियोगी परीक्षा आयोजित हर वर्ष की जाती है ,जो आगामी 27 जून को आयोजित की जाने वाली है। देश के प्रतिष्ठित करियर एक्सपर्ट एनएलपी लाइफ कोच,मैनेजमेंट विश्लेषक पब्लिक पॉलिसी एक्सपर्ट डॉ. नयन प्रकाश गांधी का मानना है कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ,भारत में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा के बुनियादी ढांचे को वर्ष दर वर्ष लगातार मजबूत किया जा रहा है ,और बीएससी नर्सिंग (ऑनर्स) में महिला सशक्तिकरण के उद्देश्य से
एम्स में प्रवेश से विशेष रूप से छात्राओं को बेहतरीन नर्सिंग प्रशिक्षण और करियर के शानदार अवसर मिल रहे है,सबसे अहम बात यह है कि चयन के बाद एम्स में शिक्षा प्रशिक्षण नाम मात्र के शुल्क में प्रदान की जाती है ,देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लक्ष्य है कि भारत में अन्नदाता किसान, देश के विकास में अहम कड़ी मजदूर वर्ग की बेटी और देश का सबसे बड़ा पारिवारिक वर्ग मिडिल क्लास वर्ग भी अपनी बालिकाओं को (पीसीबी )बायोलॉजी विषय से बारहवीं उतीर्ण करवाकर इस प्रतिष्ठित परीक्षा में योग्य होते हुए पास कर अंतिम चयन के बाद बिना वित्तीय भार कोई अधिक फीस के इस प्रतिष्ठित सेवा भावी स्वास्थ्य क्षेत्र में करियर बना सके। इस वर्ष एम्स दिल्ली सहित देश के कुल 19 एम्स संस्थानों में प्रवेश दिया जा रहा है। कुल लगभग 1366 सीटो पर लाखों बालिकाएं ही इस प्रतिष्ठित बीएससी नर्सिंग डिग्री कोर्स में प्रवेश हेतु परीक्षा में शामिल होगी।एम्स बीएससी नर्सिंग में शामिल अभ्यर्थियों के पिछले रिकॉर्ड देखे तो मालूम होगा कि परीक्षा में हजारों सीट हेतु लाखों अभ्यर्थियों ने भाग लिया था। ध्यान रहे एम्स से बीएससी नर्सिंग केवल बालिका ही कर सकती है ।

➡️ सेवा, समर्पण और सम्मान का क्षेत्र

नर्सिंग केवल एक नौकरी नहीं, बल्कि मानव सेवा का सबसे संवेदनशील और सम्मानजनक क्षेत्र माना जाता है।जो बालिकाएँ सेवा, समर्पण और मरीजों की देखभाल के जज्बे के साथ इस क्षेत्र को चुनती हैं, वे समाज में प्रेरणा और संवेदनशीलता की मिसाल बनती हैं।भारत ही नहीं विश्व के प्रतिष्ठित संस्थानों में जाना जाता है एम्स दिल्ली और भारत में सारे एम्स अन्य मेडिकल संस्थानों की तुलना में सबसे प्रतिष्ठित संस्थान माने जाते रहे है,अब सोचिए इन संस्थानों से बीएससी नर्सिंग ऑनर्स की शिक्षा प्राप्त करना केवल डिग्री हासिल करना नहीं, बल्कि देश की स्वास्थ्य व्यवस्था का मजबूत स्तंभ बनना है। करियर एक्सपर्ट डॉ नयन प्रकाश गांधी बताते हैं कि ग्रामीण अंचल से सरकारी स्कूल से अध्ययनरत बालिकाओं /बेटियों को घबराने की आवश्यकता नहीं है यह परीक्षा केवल कठिन न्यूमेरिकल पर आधारित नहीं होती,बल्कि बायोलॉजी (जूलोजी/बॉटनी), फिजिक्स ,केमिस्ट्री के बेसिक्स आधारभूत परंतु गहन कॉन्सेप्ट पर बेस्ड होती है एवं साथ ही सर्वाधिक स्कोरिंग विषय सामान्य ज्ञान जिसमें विज्ञान के वर्तमान अपडेट्स ,विज्ञान मेडिकल क्षेत्र के ट्रेडिंग सूचनाओं पर जनरल अवेयरनेस जैसे स्वास्थ्य योजनाएँ, राष्ट्रीय घटनाएँ, विज्ञान एवं समसामयिक विषयों से प्रश्न पूछे जाते हैं,जो कि काफी सटीक और आसान होते है जरूरत है तो एक सही रणनीति ,स्मार्ट स्टडी के साथ एक एक क्षण को तैयारी में लगाने की ,पूरी परीक्षा मात्र दो घंटे की होती है जिसमें कुल सौ प्रश्न होते है ,तीस मार्क्स के
फिजिक्स ,केमिस्ट्री ,बायोलॉजी से कुल 90 प्रश्न पूछे जाते है बाकी दस प्रश्न सामान्य ज्ञान के आधारित होते है। नेगेटिव मार्किंग भी होती है ,इसलिए सभी बालिकाओं को सही सटीक प्रश्न शत प्रतिशत एक्यूरेसी से करने पर ध्यान देना अतिआवश्यक हो जाता है ,ताकि बेहतर अंकों से वह बेहतर एम्स प्राप्त कर सके क्योंकि प्रतियोगिता बहुत कड़ी होती है ,इसलिए हर प्रश्न सावधानी से हल करना होता है ,प्रश्न काफी रोचक ,आसान और कॉन्सेप्ट बेस्ड होते है ,लंबी केलुलेशन ज्यादा जटिलता एम्स के बीएससी नर्सिंग पेपर में सामान्यत नहीं देखी गई है ,इसलिए घबराने की आवश्यकता नहीं है ,बस नियमित प्रैक्टिस करे ,रिवीजन करे और स्वय को परीक्षा तक ऊर्जावान स्वस्थ बनाकर रखे जो सफलता के लिए सबसे बड़ी कुंजी है। ध्यान रहे यह कोई सामान्य कोर्स नहीं है ,इसकी डिमांड इतनी ज्यादा है कि इसे पूर्ण करते ही रोजगार तुरंत लग जाता है,इसलिए लाखों की तादाद में अभ्यर्थियों की इस कड़ी परीक्षा में माहौल उच्चतम प्रतियोगिता के साथ होता है ,जहां बालिकाएं एक दूसरे से कड़ा मुकाबला करती है ,क्योंकि एम्स में सीट हजारों में है और अभ्यर्थी लाखों में है ,इसलिए बीएससी नर्सिंग कोर्स में चयन होना बहुत प्रतिष्ठा का विषय है,आज एम्स से करियर बनाने के लिए हर कोई आतुर है ,क्योंकि यहां से क्वालिफाइड प्रोफेशनल डिग्रीधारी की मांग भारत के हर प्रतिष्ठित सरकारी ,निजी हॉस्पिटल ,नर्सिंग होम,और विदेशों में तो लाखों में सेलेरी वेतनमान के साथ कुछ वर्षों के अनुभव एवं बेहतर इंग्लिश कम्युनिकेशन एवं अन्य स्थानीय विदेशी भाषाओं में पारंगत होने के साथ में सालाना करोड़ो के पैकेज में अनगिनत अवसर मौजूद हैं ,जो एम्स संस्थानों की गुणवत्ता पूर्ण नर्सिंग प्रशिक्षण को प्रदर्शित करता है। यही नहीं यह डिग्री आगे नर्सिंग और अन्य पैरामेडिकल कालेज में शिक्षाविद ट्यूटर के रूप में भी प्रतिष्ठित करियर प्रदान करती हैं जो बालिकाओं हेतु सबसे सुरक्षित और प्रतिष्ठित माना जा रहा है ,इसलिए लाखों अभिभावक की पहली पसंद अपनी बालिकाओं हेतु एम्स से बीएससी नर्सिंग में चयन होता है। जिन्होंने इसके लिए आवेदन किया है और तैयारी में संलग्न है वे सभी बालिकाएं एम्स बीएससी नर्सिंग प्रतियोगी परीक्षा की का रोडमैप ,पूरे चरणों में निःशुल्क 8107055398 से प्राप्त कर सकते है ।

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