लोकेशन : समस्तीपुर
रिपोर्ट : नवनीत कुमार झा
सरपंच की पहल के बाद बीडीओ ने भेजा था पत्र, अंचल ने कराई जांच; अब प्रस्तावित मार्ग के तटबंध क्षेत्र को लेकर रोसड़ा प्रमंडल ने समस्तीपुर से कार्रवाई का दिया सुझाव
समस्तीपुर/विभूतिपुर। सिंघिया घाट चौक पर वर्षों से लगने वाले जाम से लोगों को राहत दिलाने की पहल अब एक और कदम आगे बढ़ी है। सिंघिया बुजुर्ग उत्तर पंचायत के सरपंच अरविंद कुमार की ओर से उठाई गई जाम की समस्या और वैकल्पिक सड़क निर्माण के प्रस्ताव पर अब बाढ़ नियंत्रण विभाग की ओर से भी जवाब सामने आया है। बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, रोसड़ा के कार्यपालक अभियंता ने स्पष्ट किया है कि सिंघिया घाट भगवती स्थान से बेलसंडीतारा सीमा तक का तटबंध बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, समस्तीपुर के क्षेत्राधिकार में आता है। ऐसे में इस मामले में कार्यपालक अभियंता, बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, समस्तीपुर से पत्राचार करने का सुझाव दिया गया है।
इस संबंध में कार्यपालक अभियंता, बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, रोसड़ा की ओर से पत्रांक 1249, दिनांक 23 सितंबर 2026 को सरपंच अरविंद कुमार को पत्र भेजा गया है। पत्र में प्रखंड विकास पदाधिकारी, विभूतिपुर के पत्रांक 1053, दिनांक 1 सितंबर 2026 और सरपंच के 4 सितंबर 2026 के आवेदन का संदर्भ दिया गया है।
प्रस्तावित सड़क का हिस्सा तटबंध क्षेत्र में
रोसड़ा बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता ई. युगेश ने अपने पत्र में बताया है कि सिंघिया घाट भगवती स्थान से बेलसंडीतारा सीमा तक बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, समस्तीपुर के क्षेत्राधीन तटबंध अवस्थित है। इसी आधार पर उन्होंने इस संबंध में बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, समस्तीपुर के कार्यपालक अभियंता से पत्राचार करने का अनुरोध किया है।
इस जवाब के बाद अब जाम से निजात के लिए सुझाए गए वैकल्पिक मार्ग को लेकर कार्रवाई का अगला चरण समस्तीपुर बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के स्तर पर जाने की संभावना है।
पांच घंटे के जाम से परेशान हैं लोग
सिंघिया घाट चौक पर रोजाना करीब पांच घंटे तक जाम लगने की बात सरपंच अरविंद कुमार ने अपने आवेदन में कही है। जाम के कारण आम राहगीरों के साथ मरीज, विद्यार्थी, किसान और कारोबारी प्रभावित होते हैं। गंभीर मरीजों को अस्पताल पहुंचने में परेशानी होने, विद्यार्थियों के विद्यालय एवं महाविद्यालय पहुंचने में देरी होने तथा किसानों की सब्जी जैसी जल्दी खराब होने वाली उपज के मंडी तक समय पर नहीं पहुंच पाने की समस्या भी आवेदन में बताई गई है।
इसी समस्या के स्थायी समाधान के लिए सरपंच ने सिंघिया घाट भगवती स्थान, वार्ड संख्या-10 के बांध से होते हुए सिंघिया घाट-बेलसंडीतारा सीमा, भगवती स्थान के समीप से सिवान चौक तक वैकल्पिक सड़क निर्माण का सुझाव दिया है।
बीडीओ के बाद अंचल और अब बाढ़ नियंत्रण विभाग तक पहुंचा मामला
जाम की समस्या को लेकर सरपंच की पहल पर प्रखंड विकास पदाधिकारी, विभूतिपुर ने 1 सितंबर को बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, रोसड़ा के कार्यपालक अभियंता को पत्र भेजकर आवश्यक कार्रवाई का अनुरोध किया था।
इसके बाद अंचल कार्यालय, विभूतिपुर ने भी मामले में स्थलीय एवं अभिलेखीय जांच का निर्देश दिया था। अंचल अधिकारी की ओर से 10 सितंबर 2026 को जारी पत्र के माध्यम से राजस्व कर्मचारी सुधीर महत्तो और राजस्व अधिकारी कैलाश प्रसाद मंडल को संयुक्त रूप से जांच कर प्रतिवेदन देने को कहा गया था।
अब 23 सितंबर को बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, रोसड़ा की ओर से दिए गए जवाब में प्रस्तावित क्षेत्र के तटबंध के समस्तीपुर प्रमंडल के अधीन होने की जानकारी दी गई है।
अब समस्तीपुर प्रमंडल की भूमिका महत्वपूर्ण
रोसड़ा बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल के पत्र की प्रतिलिपि प्रखंड विकास पदाधिकारी, विभूतिपुर को भी भेजी गई है। इसमें बीडीओ के 1 सितंबर के पत्र के क्रम में सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्रवाई के लिए पत्र प्रेषित किया गया है।
लगातार सामने आ रहे विभागीय पत्रों से स्पष्ट है कि सिंघिया घाट चौक की जाम समस्या अब केवल शिकायत तक सीमित नहीं है, बल्कि वैकल्पिक सड़क निर्माण के प्रस्ताव को लेकर मामला प्रखंड से अंचल और फिर बाढ़ नियंत्रण विभाग के स्तर तक पहुंच चुका है। अब प्रस्तावित मार्ग के तटबंध क्षेत्र से संबंधित कार्रवाई और तकनीकी स्तर पर आगे की प्रक्रिया बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल, समस्तीपुर के स्तर पर होने की बात सामने आई है।
स्थानीय लोगों की नजर अब इस बात पर है कि विभागीय पत्राचार और जांच के बाद प्रस्तावित वैकल्पिक सड़क निर्माण को लेकर अगला कदम क्या उठाया जाता है। सड़क निर्माण की स्थिति में सिंघिया घाट चौक पर वाहनों का दबाव कम करने और लंबे समय से चली आ रही जाम की समस्या के समाधान की दिशा में रास्ता खुल सकता है।







