नई दिल्ली: पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान रविवार (27 जुलाई) को इस्तीफे के बाद पहली बार संसद पहुंचे। संसद परिसर में उनके आगमन पर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) के कई सांसदों ने उनका आत्मीय स्वागत किया।
संसद के प्रवेश द्वार पर मौजूद सांसदों ने धर्मेंद्र प्रधान का पारंपरिक अंदाज में अभिनंदन किया। उन्हें मिथिला की पारंपरिक टोपी और सम्मान स्वरूप पटका पहनाया गया। इस दौरान सांसदों ने उनसे मुलाकात कर उनका उत्साह बढ़ाया और एकजुटता का संदेश दिया।
स्वागत के बाद एनडीए के सांसद धर्मेंद्र प्रधान के साथ संसद भवन के भीतर पहुंचे। इस दौरान वहां सौहार्दपूर्ण माहौल देखने को मिला और कई सांसदों ने उनसे बातचीत भी की।
धर्मेंद्र प्रधान का यह संसद दौरा उनके इस्तीफे के बाद पहला सार्वजनिक संसदीय कार्यक्रम माना जा रहा है, जिस पर राजनीतिक हलकों की भी नजर बनी हुई है।






