नई दिल्ली: दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन को लेकर एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। तिरंगा लेकर प्रदर्शन स्थल पर पहुंचे सौरव दास और आशुतोष रांका को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। इस घटनाक्रम के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के आंदोलन और पुलिस की कार्रवाई को लेकर चर्चा तेज हो गई है।
प्रदर्शन से जुड़े अभिजीत दिपके ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि विरोध की आवाज को दबाया नहीं जा सकता। उनका कहना है कि हिरासत और प्रतिबंधों के जरिए लोगों के प्रतिरोध को खत्म नहीं किया जा सकता। दिपके के इस बयान से साफ है कि आंदोलन से जुड़े लोग अपनी मांगों को लेकर पीछे हटने के मूड में नहीं हैं।
जंतर-मंतर पर प्रदर्शन को लेकर प्रशासन और आंदोलनकारियों के बीच तनाव का माहौल बना हुआ है। हालांकि, सौरव दास और आशुतोष रांका को हिरासत में लिए जाने के संबंध में पुलिस का विस्तृत पक्ष और उनकी रिहाई की स्थिति की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है। फिलहाल, इस घटनाक्रम ने राजधानी में विरोध प्रदर्शन, पुलिस की कार्रवाई और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता को लेकर बहस को फिर से तेज कर दिया है।





