देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन अब पूरी तरह तैयार हो गई है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि ट्रेन की टेस्टिंग पूरी हो चुकी है, बस अब यह तय होना बाकी है कि यह किस रूट पर चलेगी।
वंदे भारत ट्रेन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है और इसे यात्रियों के आराम और सुरक्षा को ध्यान में रखकर बनाया गया है। रेल मंत्री ने बताया कि स्लीपर ट्रेन जोड़े में चलेगी, इसलिए दूसरी ट्रेन भी बनाई जा रही है, जो 10 अक्टूबर तक तैयार हो जाएगी। दोनों ट्रेनों के तैयार होने के बाद ही किसी रूट का चयन किया जाएगा।
मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि यह ट्रेन दिल्ली से पटना या दिल्ली से बनारस के बीच चल सकती है। कुछ रिपोर्ट्स में दिल्ली से कोलकाता रूट का भी जिक्र है। सूत्रों की मानें तो पहली स्लीपर ट्रेन अक्टूबर के अंत में पटरी पर दौड़ सकती है।
इस ट्रेन का निर्माण बीईएमएल (BEML) ने किया है। ट्रेन की बॉडी हाई-ग्रेड ऑस्टेनिटिक स्टेनलेस स्टील से बनी है, जो इसे मजबूत और सुरक्षित बनाती है। इसे 160 किमी/घंटे की रफ्तार के लिए डिजाइन किया गया है, जबकि परीक्षण में यह 180 किमी/घंटे तक दौड़ी।
ट्रेन का इंटीरियर बेहद आधुनिक और आरामदायक है। बेहतर लाइटिंग, खूबसूरत डिज़ाइन और आरामदायक बर्थ इसे राजधानी एक्सप्रेस से भी ज्यादा आरामदायक बनाते हैं। इसके अलावा, स्वचालित दरवाजे, टच-फ्री बायो-वैक्यूम टॉयलेट और सीसीटीवी कैमरे जैसी सुविधाएं इसे और भी खास बनाती हैं।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन न केवल यात्रियों के लिए आरामदायक और सुरक्षित सफर सुनिश्चित करेगी, बल्कि भारतीय रेलवे के आधुनिक स्वरूप की भी पहचान बनेगी।






