समिति (AICC) मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर हरियाणा समेत कई राज्यों में “वोट चोरी” का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि हरियाणा में 25 लाख वोट चोरी किए गए और मतदाता सूची में 1.24 लाख नकली वोटर दर्ज हैं।
राहुल गांधी के आरोप
राहुल गांधी ने कहा कि हरियाणा में हर आठवां वोटर फर्जी है। उन्होंने बताया कि जांच में कई मतदाताओं के फर्जी फोटो, शून्य मकान नंबर, और एक ही पते पर सैकड़ों मतदाता पाए गए।
उन्होंने दावा किया कि यह “बूथ स्तर का नहीं, बल्कि सेंट्रलाइज ऑपरेशन” है — यानी सुनियोजित रूप से राज्य स्तर पर वोट चोरी की गई।
- “H फाइल्स” का जिक्र*
राहुल गांधी ने कहा,“हमारे पास ‘H फाइल्स’ हैं, जो बताती हैं कि कैसे एक पूरा राज्य चुराया गया। यह केवल कुछ सीटों पर नहीं, बल्कि राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर हो रहा है।”
उन्होंने बताया कि कांग्रेस को हरियाणा के उम्मीदवारों से बड़ी संख्या में गड़बड़ी की शिकायतें मिलीं।
महिला वोटर का उदाहरण
प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने एक महिला की तस्वीर दिखाते हुए कहा कि हरियाणा में एक महिला ने अलग-अलग नामों से 10 जगह 22 बार वोट डाला। उन्होंने दावा किया कि यह महिला ब्राजील की मॉडल है, जिसने “स्वीटी”, “विमला”, “सरस्वती” जैसे नामों से वोट डाले।
एग्जिट पोल और वोट चोरी का दावा
राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की शुरुआत में कई राज्यों के एग्जिट पोल डेटा दिखाए। उन्होंने कहा कि एग्जिट पोल में हरियाणा, कर्नाटक और मध्य प्रदेश में कांग्रेस की जीत दिखाई गई थी, लेकिन बाद में परिणाम अलग आए।
“एग्जिट पोल में कांग्रेस आगे थी, लेकिन हमें वोट चोरी की शिकायतें मिलीं।”
मतदाता सूची में गड़बड़ी
कांग्रेस नेता ने बताया कि जांच में 500 मतदाताओं का एक ही पता पाया गया, जबकि कई वोटर लिस्ट में ऐसे नाम दर्ज थे जो दूसरे राज्यों में भी वोट डालते हैं। उन्होंने उदाहरण दिया कि डालचंद नामक व्यक्ति और उसका बेटा यूपी और हरियाणा दोनों जगह वोटर हैं।
पहले भी दी थी चेतावनी
राहुल गांधी ने इससे पहले 1 सितंबर को कहा था कि वह जल्द ही “वोट चोरी का हाइड्रोजन बम” फोड़ेंगे। उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा था कि जो ताकतें महात्मा गांधी की हत्या में शामिल थीं, वही अब भारत के संविधान को कमजोर करने की कोशिश कर रही हैं।
राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए भाजपा पर एक बार फिर बड़ा हमला बोला और चुनावी पारदर्शिता पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने मांग की कि चुनाव आयोग इस पूरे मामले की जांच करे और फर्जी वोटिंग की जवाबदेही तय करे।*






