लोकेशन – समस्तीपुर
रिपोर्ट – नवनीत कुमार झा
रोसड़ा में 2 लाख रुपये और वाशिंग मशीन लेते गिरफ्तार DCLR कंचन कुमारी झा व घरेलू नौकर सुमित कुमार के मामले में निगरानी की जांच जारी
समस्तीपुर/रोसड़ा । रोसड़ा की भूमि सुधार उप-समाहर्ता (DCLR) कंचन कुमारी झा और उनके घरेलू नौकर सुमित कुमार के खिलाफ रिश्वत मामले में निगरानी अन्वेषण ब्यूरो की कार्रवाई के बाद जांच का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। निगरानी थाना कांड संख्या 103/2026 में 25 अगस्त को प्राथमिकी दर्ज होने के बाद 27 अगस्त 2026 को दोनों को कथित तौर पर रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया था।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के अनुसार, मुख्यालय की टीम ने रोसड़ा नगर पंचायत के वार्ड संख्या-24 स्थित DCLR के सरकारी आवास पर कार्रवाई करते हुए 2 लाख रुपये नकद और करीब 37 हजार रुपये कीमत की नई सैमसंग वाशिंग मशीन बरामद की थी। कार्रवाई के दौरान सरकारी आवास की तलाशी में 13 लाख 82 हजार रुपये की अतिरिक्त नकद राशि भी बरामद होने की बात निगरानी विभाग ने कही है।
तीन बैंक खातों में मिले 10.27 लाख रुपये
मामले की आगे की जांच में निगरानी टीम को तीन बैंक खातों की जानकारी मिली है। विभाग के मुताबिक इन खातों में क्रमशः 7.06 लाख, 2.31 लाख और 90 हजार रुपये, यानी कुल 10.27 लाख रुपये जमा पाए गए। निगरानी द्वारा तीनों बैंक खातों को फ्रीज करने की कार्रवाई की गई है।
इसके अलावा ग्रामीण जमीन की खरीद से संबंधित दो दस्तावेज भी जांच टीम को मिले हैं, जिनकी जांच आगे की जा रही है।
रिश्वत के बाद हाथ के धोवन को वैज्ञानिक जांच के लिए भेजने की तैयारी
ट्रैप कार्रवाई के दौरान रिश्वत की राशि बरामद होने के बाद अभियुक्त के हाथ के धोवन के नमूने को भी जब्त किया गया है। निगरानी विभाग के अनुसार, विशेष न्यायालय निगरानी, मुजफ्फरपुर से आदेश प्राप्त करने के बाद इसे वैज्ञानिक जांच के लिए विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजने की प्रक्रिया चल रही है।
मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं और भारतीय न्याय संहिता की धारा 61(2) के तहत कार्रवाई की गई है। निगरानी विभाग का कहना है कि दोनों प्राथमिकी अभियुक्तों को घटनास्थल से गिरफ्तार किया गया है और अनुसंधान पूरा कर जल्द आरोप पत्र दाखिल करने तथा त्वरित विचारण की कार्रवाई का प्रयास किया जाएगा।
परिवादी को 2.37 लाख रुपये की प्रतिपूर्ति की जाएगी
निगरानी विभाग के मुताबिक, विभागीय आदेश के तहत परिवादी द्वारा रिश्वत के रूप में दिए गए 2 लाख रुपये और 37 हजार रुपये की वाशिंग मशीन की कीमत, यानी कुल 2.37 लाख रुपये की प्रतिपूर्ति किए जाने की कार्रवाई भी की जाएगी।
31 अगस्त 2026 को मामले के परिवादी मनोज कुमार निगरानी अन्वेषण ब्यूरो, पटना पहुंचे, जहां उन्हें ट्रैप की कार्रवाई और आगे की कानूनी प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई। विभाग के अनुसार, जानकारी मिलने के बाद परिवादी ने संतोष व्यक्त किया।
2025 में भी सामने आया था वाशिंग मशीन रिश्वत कांड
गौरतलब है कि पिछले वर्ष 2025 में भी निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने वाशिंग मशीन से जुड़े रिश्वत मामले में कार्रवाई की थी। निगरानी थाना कांड संख्या 27/25 में 13 मई 2025 को सिवान जिले के असांव थाना के पुलिस अवर निरीक्षक मिथलेश मांझी को 20 हजार रुपये और एक वाशिंग मशीन रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया गया था। उस मामले में अनुसंधान के बाद आरोप पत्र दाखिल किया जा चुका है और मामला विशेष न्यायालय निगरानी, मुजफ्फरपुर में आरोप गठन की प्रक्रिया में है।
2026 में अब तक 95 ट्रैप, 93 अभियुक्त गिरफ्तार
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, वर्ष 2026 में अब तक 95 ट्रैप कांड दर्ज किए गए हैं और 93 अभियुक्तों को रंगे हाथ गिरफ्तार किया जा चुका है। इस दौरान रिश्वत की कुल 34 लाख 34 हजार 800 रुपये की राशि बरामद होने के साथ एक नई वाशिंग मशीन भी बरामद की गई है।
वहीं, वर्ष 2025 में कुल 101 ट्रैप कांड दर्ज किए गए थे। विभाग के आंकड़ों के मुताबिक 2026 में अब तक प्रति माह औसतन 11.8 ट्रैप कांड, जबकि 2025 में यह औसत 8.4 ट्रैप कांड प्रति माह था। विभाग ने इसे पिछले वर्ष की तुलना में करीब 40 प्रतिशत अधिक बताया है।
निगरानी अन्वेषण ब्यूरो ने स्पष्ट किया है कि किसी लोक सेवक द्वारा रिश्वत की मांग किए जाने पर समय रहते शिकायत करें, ताकि नियमानुसार ट्रैप कार्रवाई की जा सके।









