जमीयत उलमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना मदनी ने BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर हमला बोला है. मदनी ने दावा किया कि गाय के मुद्दे को एक राजनीतिक और भावनात्मक हथियार बना दिया गया है, जिसके जरिए कुछ लोग सोची-समझी रणनीति के तहत गाय की हत्या की अफवाहें फैलाते हैं या मवेशियों की तस्करी के बहाने बेगुनाह लोगों को हिंसा का शिकार बनाते हैं.
जमीयत उलमा-ए-हिंद के अध्यक्ष मौलाना मदनी ने BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर हमला बोला है. अगर देश की बहुसंख्यक आबादी गाय को न सिर्फ पवित्र मानती है, बल्कि उसे मां का दर्जा भी देती है, तो ऐसी कौन सी राजनीतिक मजबूरी है जो सरकार को उसे ‘राष्ट्रीय पशु’ घोषित करने से रोक रही है? मदनी ने जोर देकर कहा कि BJP के मन में गाय के प्रति कोई सच्ची श्रद्धा नहीं है, बल्कि राजनीति से प्यार है.
मौलाना मदनी ने कहा कि राजनीति के जरिए वे वोट पाने के लिए लोगों को मुसलमानों के खिलाफ एकजुट होने के लिए उकसाते हैं. मदनी ने कहा कि चुनाव के समय, जान-बूझकर कई तरह के भावनात्मक और राजनीतिक मुद्दे उछाले जाते हैं इस रणनीति में गाय के मुद्दे का राजनीतिकरण करना भी शामिल है. मुस्लिम नेता ने कहा कि गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित किए जाने पर मुस्लिम समुदाय को कोई आपत्ति नहीं है; इसके विपरीत, वे सरकार के इस कदम का स्वागत करेंगे.






