मुरादाबाद। करनी सेना के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष योगेंद्र सिंह राणा की एक सोशल मीडिया पोस्ट ने मुरादाबाद में माहौल को तनावपूर्ण बना दिया है। उन्होंने सांसद इकरा हसन को लेकर फेसबुक पर जो टिप्पणी की, उसे न केवल अमर्यादित और आपत्तिजनक कहा जा रहा है, बल्कि सांप्रदायिक भावनाओं को भड़काने वाली भी बताया गया है।
फेसबुक पर डाले गए इस पोस्ट में योगेंद्र राणा ने लिखा, “अगर ओवैसी बंधु मुझे जीजा कहें, तो मैं इकरा हसन से निकाह करने को तैयार हूं। उन्हें घर में नमाज़ पढ़ने की भी इजाजत दूंगा।” इस टिप्पणी को धार्मिक सहिष्णुता के नाम पर किया गया सस्ता प्रचार माना जा रहा है, जिसने जनता के एक बड़े वर्ग को आक्रोशित कर दिया है।

सोशल मीडिया पर इस बयान के खिलाफ तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं। फेसबुक, ट्विटर और व्हाट्सएप जैसे प्लेटफॉर्मों पर लोगों ने इसे महिला अपमान, धार्मिक असहिष्णुता और सांप्रदायिक उकसावे की संज्ञा दी है। मुरादाबाद सहित आसपास के क्षेत्रों में इससे माहौल तनावपूर्ण हो गया है।
हैरत की बात यह है कि योगेंद्र सिंह राणा खुद को विवाहित बताते हैं, बावजूद इसके उन्होंने एक निर्वाचित महिला सांसद पर सार्वजनिक रूप से इस प्रकार की टिप्पणी की, जिससे उनकी मंशा और सोच पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
विवाद बढ़ने के बाद कई सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि योगेंद्र राणा के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। लोगों ने आईपीसी की धारा 153A (सांप्रदायिक विद्वेष), 295A (धार्मिक भावनाओं का अपमान) और 509 (महिला के सम्मान को ठेस पहुंचाना) के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग की है। कुछ संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि कार्रवाई नहीं हुई, तो शहर में शांति व्यवस्था भंग हो सकती है।
यह भी सामने आया है कि राणा पूर्व में भी कई बार भड़काऊ और विवादास्पद बयान दे चुके हैं, लेकिन इस बार मामला सीधे एक लोकसभा सांसद से जुड़ा है, जिससे इसकी गंभीरता कई गुना अधिक है।
अब पूरे शहर की निगाहें सांसद इकरा हसन पर टिकी हैं कि वे इस अपमानजनक टिप्पणी के खिलाफ क्या रुख अपनाती हैं — क्या वे कानूनी कार्रवाई करेंगी या इसे नजरअंदाज करेंगी? साथ ही यह देखना अहम होगा कि प्रशासन इस मामले को कितनी गंभीरता से लेकर कार्रवाई करता है।






