अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच जारी जंग का आज आठवां दिन है। पिछले एक सप्ताह के दौरान ईरान ने सऊदी अरब, यूएई और जॉर्डन में तैनात अमेरिका के टर्मिनल हाई एल्टीट्यूड एरिया डिफेंस (THAAD) सिस्टम को निशाना बनाया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इन हमलों में जॉर्डन के मुवफ्फाक साल्टी एयर बेस पर लगे THAAD सिस्टम के रडार को नुकसान पहुंचा है। एक THAAD सिस्टम की कीमत करीब ₹22 हजार करोड़ बताई जाती है, जबकि इसके रडार सिस्टम की लागत लगभग 2700 करोड़ रुपए (करीब 300 मिलियन डॉलर) होती है।

यह रडार THAAD सिस्टम का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है, जो दुश्मन की बैलिस्टिक मिसाइलों की पहचान और उन्हें ट्रैक करने का काम करता है। बताया जा रहा है कि अमेरिका के पास ऐसे केवल 7–8 THAAD सिस्टम ही हैं, इसलिए इस नुकसान को सैन्य दृष्टि से काफी अहम माना जा रहा है।






