फिल्मी करियर छोड़कर आध्यात्मिक जीवन अपनाने वाली ममता कुलकर्णी अब सुर्खियों में हैं। हाल ही में गोरखपुर पहुंचीं ममता ने गोरखनाथ मंदिर में दर्शन किए, साधु-संतों से मुलाकात की और भजन संध्या में शामिल हुईं। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे अब पूरी तरह आध्यात्म के मार्ग पर हैं और उनका राजनीति या फिल्म इंडस्ट्री से कोई संबंध नहीं है। ममता ने यह भी कहा कि अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम से उनका कभी कोई व्यक्तिगत संबंध नहीं रहा और उनका मानना है कि वह आतंकवादी नहीं हैं।
ममता ने अपने जीवन के सफर के बारे में बताया कि उन्होंने फिल्मी दुनिया में 100 से अधिक फिल्में कीं और स्टारडम का अनुभव लिया, लेकिन सच्चा संतोष उन्हें अपने गुरु के चरणों में ही मिला। उन्होंने 12 साल तक ब्रह्मचर्य और कठोर साधना की, जिसके बाद उन्हें सिद्धि प्राप्त हुई। पहले विवादों में रही ममता ने टॉपलेस फोटोशूट और फिल्मों के दौरान आई मुश्किलों के बावजूद अपने जीवन का रुख आध्यात्म की ओर मोड़ लिया। उन्होंने अपनी किताब ‘ऑटोबायोग्राफी ऑफ ए योगिनी’ में बताया कि उनका उद्देश्य अब ईश्वर की सेवा है, और उनका पहला और सच्चा प्रेम केवल ईश्वर है।






