हरिद्वार/ज्वालापुर।
सावन माह में चल रही पवित्र कांवड़ यात्रा के बीच रविवार को एक दर्दनाक और चौंकाने वाली घटना सामने आई। हरियाणा के रोहतक जिले के 23 वर्षीय प्रवीण कुमार ने ज्वालापुर क्षेत्र के जुर्स कंट्री रेड लाइट पर चाकू से अपना गला रेत कर आत्महत्या का प्रयास किया। यह घटना यात्रा में शामिल हजारों श्रद्धालुओं के बीच दहशत और अफरा-तफरी का कारण बन गई।
घटना रविवार दोपहर की बताई जा रही है जब प्रवीण कुमार कांवड़ लेकर अपने समूह के साथ यात्रा कर रहा था। जैसे ही वह हरिद्वार के ज्वालापुर क्षेत्र स्थित जुर्स कंट्री रेड लाइट पर पहुंचा, उसने अचानक जेब से चाकू निकाला और खुद के गले पर वार कर लिया। यह सब कुछ इतनी तेजी से हुआ कि कोई कुछ समझ ही नहीं पाया।
गला कटने के बाद वह ज़मीन पर गिर पड़ा और तेजी से खून बहने लगा। आसपास मौजूद शिवभक्तों ने तत्परता दिखाते हुए उसे संभाला और तुरंत पुलिस को सूचना दी।
108 सेवा की मदद से पहुंचाया गया अस्पताल
सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और 108 एंबुलेंस सेवा मौके पर पहुंची और घायल प्रवीण को हरिद्वार जिला अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों के अनुसार, प्रवीण की हालत गंभीर थी, लेकिन समय पर उपचार मिलने से जान बच गई। गले पर गहरे टांके लगाए गए हैं और उसे निगरानी में रखा गया है।
प्रशासन ने कहा – आत्महत्या की वजह रहस्य, जांच जारी
पुलिस के मुताबिक, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि प्रवीण ने ऐसा आत्मघाती कदम क्यों उठाया। उसके पास से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है और न ही कोई स्पष्ट जानकारी मिल सकी है कि वह मानसिक रूप से परेशान था या नहीं।
ज्वालापुर थाना प्रभारी ने बताया कि,
“प्रवीण की मानसिक स्थिति का मूल्यांकन किया जा रहा है। उसके परिजनों से संपर्क किया गया है और यात्रा में साथ चल रहे अन्य श्रद्धालुओं से भी पूछताछ की जा रही है। अभी आत्महत्या की वजह रहस्य बनी हुई है।”
इस घटना के बाद कांवड़ यात्रा में शामिल श्रद्धालुओं के बीच भय और चिंता का माहौल है। कई लोगों ने प्रशासन से यात्रा मार्गों पर मानसिक रूप से अस्वस्थ यात्रियों की पहचान करने और प्राथमिक चिकित्सा व्यवस्था को और मजबूत करने की मांग की है।
हालांकि पुलिस और प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में बताया है और श्रद्धालुओं से अपील की है कि अफवाहों पर ध्यान न दें और यात्रा शांतिपूर्ण ढंग से जारी रखें।






