प्रयागराज,
सोचिए, एक परिवार गया से पिंडदान करके सैकड़ों किलोमीटर की यात्रा कर लौटा रहा हो… थकान और श्रद्धा के बीच बस यही उम्मीद हो कि सब सुरक्षित घर पहुंचेंगे। लेकिन वक्त ने ऐसी करवट ली कि कुछ लोग कभी घर नहीं लौट पाए।
सोमवार तड़के प्रयागराज के सोरांव क्षेत्र में एक बोलेरो गाड़ी के अचानक खराब हो जाने के बाद उसमें सवार लोग हाईवे किनारे बैठकर मदद का इंतज़ार कर रहे थे। तभी एक तेज़ रफ्तार अज्ञात वाहन आया और सबकुछ बर्बाद कर गया। चार लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि तीन महिलाएं ज़िंदगी और मौत के बीच जूझ रही हैं।
हादसे की दिल दहला देने वाली तस्वीर
हादसा इतना भयानक था कि सड़क पर खून के धब्बे और टूटी हुई चप्पलें उस भयावह मंजर की गवाही दे रहे थे। कुछ ही देर में चीख-पुकार मच गई। जिस वाहन में सवार होकर लोग घर लौट रहे थे, उसी के पास अब उनकी लाशें पड़ी थीं।
क्या हुआ था उस सुबह?
कानपुर देहात के मूसानगर के गुलौली गांव से सात लोग गया पिंडदान के लिए बोलेरो (UP 77 JZ 8903) में सवार होकर गए थे। भावनात्मक यात्रा के बाद, वे देर रात लौट रहे थे कि बिगहियां पुल के पास गाड़ी अचानक खराब हो गई। ड्राइवर मिस्त्री को बुलाने के लिए चला गया, और बाकी लोग सड़क किनारे बैठकर इंतजार कर रहे थे।
लेकिन किसी को नहीं पता था कि यह इंतजार उनकी आखिरी सांसों का इंतजार बन जाएगा।
इनकी जान चली गई…
- सुरेश सैनी
- सुरेश बाजपेई
- तारा देवी (सुरेश बाजपेई की पत्नी)
- राम सागर अवस्थी
ये सभी अब इस दुनिया में नहीं हैं।
तीन अन्य महिलाएं गंभीर रूप से घायल हैं और उन्हें जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
बुजुर्ग प्रेम नारायण और चालक की किस्मत साथ दे गई
इन दोनों की जान बच गई। लेकिन ज़रा सोचिए, एक गाड़ी में सवार होकर निकले सात लोग — लौटे तो सिर्फ दो सही सलामत। बाकियों के लिए यह यात्रा एक अंतिम यात्रा बन गई।
मौके पर पहुंची पुलिस, हत्यारे वाहन की तलाश जारी
घटना की सूचना मिलते ही सोरांव थाना पुलिस मौके पर पहुंची। शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने अज्ञात वाहन के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है और सीसीटीवी फुटेज की मदद से तलाश जारी है।
एक परिवार उजड़ गया, एक सफर अधूरा रह गया
यह हादसा सिर्फ एक सड़क दुर्घटना नहीं, बल्कि कई परिवारों के लिए एक न मिटने वाला जख्म बन गया। जो लोग गया जाकर अपने पूर्वजों के लिए पिंडदान कर लौट रहे थे, वे अब खुद दूसरों की याद में रह जाएंगे।






