मोकामा विधानसभा क्षेत्र में हुए दुखद घटना में जनसुराज के समर्थक दुलारचंद यादव की हत्या ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। इस मामले में जनता दल यूनाइटेड के प्रत्याशी अनंत सिंह को गिरफ्तार कर पटना में रखा गया। रविवार सुबह से दोपहर तक उन्हें पटना एसएसपी ऑफिस के रंगदारी सेल में कड़ी सुरक्षा के बीच पूछताछ की गई। इसके बाद उन्हें 14 दिन की न्यायिक हिरासत में कोर्ट ने भेज दिया। अब उन्हें सीधे बेऊर जेल भेजा जाएगा। इस दौरान हर कदम पर पुलिसकर्मी तैनात रहे।
बता दे की मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि चुनाव आयोग के लिए न कोई पक्ष है और न विपक्ष। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिंसा को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और जो भी माहौल खराब करने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। डीजीपी विनय कुमार ने बताया कि पुलिस पूरी जांच कर रही है और यह देखने की कोशिश की जा रही है कि घटना के पीछे किसकी मंशा थी। उन्होंने कहा कि दुलारचंद यादव की हत्या के पीछे दोनों पक्षों के समर्थकों के बीच झड़प हुई थी, जिसमें वाहन टकराव और पथराव भी शामिल था। अब तक 80 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। हालांकि हथियार अब तक बरामद नहीं हुए हैं, लेकिन पुलिस फॉरेंसिक जांच के लिए उन्हें ढूंढ रही है।
वही दुलारचंद यादव के पौत्र नीरज यादव ने कहा कि अनंत सिंह की गिरफ्तारी हुई है, लेकिन बाकी चार आरोपी आज भी खुलेआम घूम रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह उनके और उनके परिवार के लिए खतरा है। नीरज यादव ने जोर देकर कहा कि उनका मकसद सिर्फ न्याय पाना है, किसी राजनीतिक उद्देश्य को आगे बढ़ाना नहीं। राजद नेता तेजस्वी यादव और उनके बड़े भाई तेज प्रताप यादव ने अनंत सिंह की गिरफ्तारी को स्वाभाविक बताया। तेज प्रताप ने कहा कि जिस व्यक्ति पर आपराधिक मामले हों, उसकी गिरफ्तारी तो निश्चित ही होगी। वहीं केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने कहा कि सरकार की कानून व्यवस्था सबके लिए समान है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जारी है।
रिपोर्ट:- कनक चौहान






