Home / News / सामुदायिक भवन निर्माण में भारी अनियमितताएं, ग्रामीणों ने निर्माण कार्य पर उठाए सवाल

सामुदायिक भवन निर्माण में भारी अनियमितताएं, ग्रामीणों ने निर्माण कार्य पर उठाए सवाल

यशपाल जाट अनुपपुर

अनुपपुर कोतमा – मध्यप्रदेश के कोतमा तहसील अंतर्गत छत्तीसगढ़ बॉर्डर से लगे आदिवासी बहुल क्षेत्र में सरकार द्वारा स्वीकृत सामुदायिक भवन के निर्माण कार्य में भारी अनियमितताएं सामने आई हैं। ग्रामीणों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल उठाते हुए संबंधित अधिकारियों को शिकायत सौंपी है।

जानकारी के अनुसार, आदिवासियों के हित में लोक निर्माण विभाग को एक करोड़ 20 लाख की लागत से सामुदायिक भवन निर्माण की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। विभाग द्वारा यह कार्य एक ठेकेदार को सौंपा गया, लेकिन ठेकेदार द्वारा मानकों की अनदेखी करते हुए निम्न गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग किया जा रहा है।

ग्रामीणों का आरोप है कि भवन निर्माण में घटिया सीमेंट, कमजोर सरिया और खराब ईंटों का उपयोग किया जा रहा है। निर्माण स्थल पर न तो इंजीनियर और न ही एसडीओ की नियमित निगरानी हो रही है, जिससे ठेकेदार मनमानी पर उतारू है। स्थानीय लोगों ने यह भी आशंका जताई है कि इस तरह के घटिया निर्माण से भवन अधिक समय तक टिक नहीं पाएगा और जनता का पैसा बर्बाद हो जाएगा।

स्थानीय लोगों ने मांग की है कि निर्माण कार्य पर तत्काल रोक लगाई जाए और उच्च अधिकारियों द्वारा स्थल का निरीक्षण कर आवश्यक निर्देश दिए जाएं। साथ ही टेंडर में निर्धारित गुणवत्ता वाली सामग्री के उपयोग की अनिवार्यता सुनिश्चित की जाए। अन्यथा ग्रामीण जन धरने पर बैठकर कठोर कार्रवाई की मांग करेंगे।

निर्माण स्थल की तस्वीरों में भी साफ देखा जा सकता है कि सरियों में जंग लगी है, ईंटें इधर-उधर बिखरी पड़ी हैं और निर्माण कार्य अत्यंत लापरवाहीपूर्ण ढंग से किया जा रहा है। यह स्थिति प्रशासन की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रहा है।

Tagged:
[post-views]
Share
Now