उत्तर प्रदेश की राजनीति में समाजवादी पार्टी ने विधान परिषद में बड़ा बदलाव किया है। सपा ने मोहम्मद जासमीर अंसारी को विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष बनाने का फैसला किया है। वह लाल बिहारी यादव की जगह यह जिम्मेदारी संभालेंगे। पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जासमीर अंसारी के नाम पर मुहर लगाई है।
जानकारी के मुताबिक, लाल बिहारी यादव ने 23 सितंबर 2026 को नेता प्रतिपक्ष के पद से इस्तीफा दिया। इसके बाद सपा प्रमुख की ओर से विधान परिषद के सभापति को पत्र भेजकर मोहम्मद जासमीर अंसारी को नया नेता प्रतिपक्ष नामित किए जाने की जानकारी दी गई।
कौन हैं मोहम्मद जासमीर अंसारी?
मोहम्मद जासमीर अंसारी सीतापुर जिले के लहरपुर क्षेत्र से आते हैं। वह लहरपुर विधानसभा सीट से दो बार विधायक रह चुके हैं। वर्ष 2022 में वह समाजवादी पार्टी की ओर से विधान परिषद सदस्य चुने गए थे और अब तक परिषद में उपनेता प्रतिपक्ष की भूमिका में थे।
विधान परिषद में नेतृत्व परिवर्तन ऐसे समय हुआ है जब उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक गतिविधियां तेज हैं। इस बदलाव को लेकर अलग-अलग राजनीतिक विश्लेषण सामने आ रहे हैं, लेकिन पार्टी की ओर से नियुक्ति का औपचारिक आधार जासमीर अंसारी को नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी देना है।
अब मोहम्मद जासमीर अंसारी के सामने विधान परिषद में विपक्ष की भूमिका को आगे बढ़ाने और सदन में सपा की आवाज रखने की जिम्मेदारी होगी।





