बरेली। उद्योग व्यापार सुरक्षा मंडल के गौरव सक्सेना के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने नगर निगम कार्यालय पहुंचकर अपर नगर आयुक्त शशि भूषण को ज्ञापन सौंपा। इसमें अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान ठेला, रेहड़ी और अन्य पथ विक्रेताओं की आजीविका, वैधानिक अधिकारों और सम्मान की रक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई।
गौरव सक्सेना ने कहा कि संगठन अतिक्रमण के पक्ष में नहीं है। यातायात, स्वच्छता और शहर की व्यवस्था बनाए रखने के साथ ठेला, रेहड़ी , पथ विक्रेताओं की रोजी-रोटी का भी ध्यान रखा जाना चाहिए। उन्होंने पथ विक्रेताओं के ऑनलाइन व ऑफलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया सरल और पारदर्शी बनाने तथा पात्र विक्रेताओं को नियमानुसार प्रमाण-पत्र जारी करने की मांग की।
ज्ञापन में अतिक्रमण हटाने के दौरान क्षतिग्रस्त ठेलों व सामान की शिकायतों की निष्पक्ष जांच, उचित क्षतिपूर्ति, जब्त सामान की सूची व रसीद उपलब्ध कराने तथा निर्धारित प्रक्रिया के तहत सामान वापस करने की मांग की गई। साथ ही पर्याप्त और सुविधायुक्त वेंडिंग जोन विकसित करने, पार्किंग व्यवस्था सुधारने और टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक बुलाकर वर्तमान वेंडिंग जोन एवं आवंटन की समीक्षा करने पर जोर दिया गया।
संगठन ने कार्रवाई से पहले आवश्यक सूचना व निर्धारित कानूनी प्रक्रिया का पालन करने, पथ विक्रेताओं के साथ सम्मानजनक व्यवहार करने तथा शिकायतों के समयबद्ध निस्तारण के लिए हेल्पडेस्क या नोडल अधिकारी नियुक्त करने की मांग भी रखी। ज्ञापन में स्ट्रीट वेंडर्स (आजीविका संरक्षण और स्ट्रीट वेंडिंग विनियमन) अधिनियम, 2014 के प्रावधानों को प्रभावी ढंग से लागू करने की मांग की गई।
गौरव सक्सेना ने कहा कि पथ विक्रेता शहर की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं और हजारों परिवार उनकी आय पर निर्भर हैं। प्रशासन और पथ विक्रेताओं के बीच संवाद व समन्वय से ऐसा समाधान निकाला जाना चाहिए, जिससे शहर व्यवस्थित भी रहे और किसी की आजीविका भी प्रभावित न हो।
अपर नगर आयुक्त शशि भूषण ने ज्ञापन ग्रहण कर मांगों पर नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस दौरान दिलीप खुराना, अमित कंचन, शिवम सक्सेना, अंकित खंडूजा, राजेंद्र नगर इकाई अध्यक्ष, चेतन गुजराल, अवधेश कुमार त्रिवेदी, शैलेंद्र सिंह, मोहित अग्निहोत्री, रौनक जॉली, ऋषि वर्मा सहित स्थानीय पथ विक्रेता मौजूद रहे।







