रिपोर्ट संजय मिश्रा
चित्रकूट – नैनो यूरिया , नैनो डीएपी उर्वरक के प्रचार प्रसार के लिए जनपद चित्रकूट के पहाड़ी ब्लाक ग्राम बेराउर स्थित सहकारी समिति भदेदू में किसान सभा का आयोजन इंडियन फारमर्स फर्टिलाइजर कोऑपरेटिव लिमिटेड जनपद चित्रकूट द्वारा किया गया जिसमें आसपास के गांव से 150 किसानों ने भाग लिया। इफको के उप क्षेत्रीय प्रबंधक राजवीर सिंह द्वारा उपस्थित किसानों को संतुलित उर्वरक उपयोग, जल विलेय उर्वरक ,सागरिका ,कंसोर्टिया, बायोडिकंपोजर ,नैनो यूरिया, नैनो डीएपी व नैनो जिंक इत्यादि उर्वरकों के उपयोग की सलाह दी गई एवं प्रयोग विधि समझाइ। नैनो डीएपी से बीज उपचार करने के लिए 100 किलो बीज में एक बोतल नैनो डीएपी 500 मिलीलीटर मिलकर बीच का मोयन करने के उपरांत छाया में आधे घंटे सुखाकर बनी करनी चाहिए एवं परंपरागत डीएपी की मात्रा को आधा ही डालना चाहिए एवं फसल के 30 से 35 दिन के होने पर नैनो डीएपी ,नैनो यूरिया, नैनो जिंक को 100 से 125 लीटर पानी में मिलाकर प्रति एकड़ फसल के ऊपर छिड़काव करना चाहिए। सामान्यतः छिड़काव ओस के समय अथवा अत्यधिक धूप के समय नहीं करना चाहिए इसके लिए शाम का समय सर्वोत्तम होता है। यदि छिड़काव के 8 घंटे में बारिश हो जाए तो पुनः छिड़काव आवश्यक है। इस प्रकार से खेती करने पर खेती की लागत घटती है एवं उत्पादन में बढ़ोतरी होती है व उत्पाद भी गुणवत्ता युक्त होता है ।इस अवसर पर प्रगतिशील किसानों ने अपने अनुभव भी साझा किये एवं उपस्थित किसानों को बताया कि उन्होंने किस प्रकार से नैनो यूरिया, नैनो डीएपी उर्वरकों का उपयोग करते हुए अपनी दानेदार उर्वरक की मात्रा में कमी की है एवं लाभ में बढ़ोतरी पाई है। उपस्थित किसानों ने सभी बातों को बड़े ध्यान से सुना एवं सवाल पूछते हुए अपनी जिज्ञासाएं जाहिर की एवं उनका निराकरण पाकर बहुत खुश हुए। किसानों ने कहा कि सहकारी समितियां सभी किसानों को आवश्यक रूप से नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी उर्वरक उपलब्ध करायें। उपस्थित किसानों को जैव बायो डी कंपोजर वितरित किया गया जिससे वह अपने गोबर की खाद को सङाकर कंपोस्ट खाद बना सकें । गोबर के सड़ने से दीमक नहीं लगेगी एवं खेतों में खरपतवार का जमाव भी कम होगा । यह समझाइस भी किसानों को दी गई ।
समिति के पास स्थित श्री अशोक सिंह के धान के खेत में नैनो यूरिया, नैनो डीएपी ,सागरिका एवं नैनो जिंक आधारित प्रदर्शन भी लगाया गया जिसको देखकर के किसान भाई नैनो उर्वरकों के उपयोग के प्रति और अधिक जागरूक हो सके । इस अवसर पर एग्री जंक्शन राजापुर के संचालक लवलेश सिंह ,एग्री जंक्शन चनहट राजापुर के संचालक अनिल सोनी, इफको एसएफए आदित्य पटेल ,सहकारी समिति से सचिव संगम लाल करवरिया विक्रेता विकास द्विवेदी एवं अन्य गणमान्य किसान उपस्थित रहे।






