माप-तौल और मेडिकल में पास कराने के नाम पर अभ्यर्थियों से लेते थे पैसे, 6 मोबाइल और ₹9,100 नकद बरामद
बरेली। कैंट थाना पुलिस और मिलिट्री इंटेलिजेंस की संयुक्त कार्रवाई में अग्निवीर भर्ती में अभ्यर्थियों को माप-तौल और मेडिकल में पास कराने का झांसा देकर ठगी करने वाले कथित गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के मुताबिक, 23 सितंबर को मिली सूचना के आधार पर हरभजन गेट के पास घेराबंदी कर आरोपियों को पकड़ा गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान प्रदीप कुमार शर्मा, विशाल यादव, राजवीर उर्फ कैलाश, धर्मेंद्र सिंह और नूर अहमद के रूप में हुई है। इनके कब्जे से 6 मोबाइल फोन, ₹9,100 नकद, एक सुपर स्प्लेंडर मोटरसाइकिल (UP38V7533) और एक स्कूटी (UP25BU1871) बरामद की गई।
पुलिस के अनुसार, मोबाइल फोन की जांच में अभ्यर्थियों से बातचीत की व्हाट्सऐप चैट, ऑनलाइन लेन-देन के स्क्रीनशॉट, प्रवेश पत्र और मेडिकल से जुड़े दस्तावेजों के स्क्रीनशॉट मिले। आरोपियों पर थाना कैंट में बीएनएस की विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पूछताछ में क्या सामने आया
पुलिस के मुताबिक, आरोपी ऐसे अभ्यर्थियों को तलाशते थे जिन्हें फिजिकल, माप-तौल या मेडिकल में अनफिट होने की आशंका रहती थी। उन्हें पूर्व भर्तियों के परिणाम और मेडिकल में अनफिट अभ्यर्थियों को फिट कराने संबंधी दस्तावेज दिखाकर भरोसे में लिया जाता था और चयन या मेडिकल/माप-तौल में पास कराने के नाम पर रकम ली जाती थी।
पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि विशाल यादव पूर्व में मेडिकल कोर आर्मी में सफाईकर्मी के रूप में काम कर चुका था, जबकि नूर अहमद खुद को मिलिट्री अस्पताल में कारपेंटर और अधिकारियों से संपर्क वाला व्यक्ति बताकर अभ्यर्थियों को विश्वास में लेता था। पुलिस का कहना है कि वास्तव में उनका किसी आर्मी अधिकारी या मिलिट्री अस्पताल के चिकित्सक से संपर्क नहीं था।
पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।






