बांका: प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सत्य भूषण आर्य ने बांका स्थित ऑब्जर्वेशन होम का औचक निरीक्षण कर वहां रह रहे किशोर बंदियों की सुविधाओं का जायजा लिया। इस दौरान मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी शैलेंद्र कुमार, जिला विधिक सेवा प्राधिकार, बांका के प्रभारी सचिव अविनाश कुमार, अपर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (प्रथम) शाहनवाज आलम तथा किशोर न्याय परिषद, बांका की प्रधान दंडाधिकारी नीलम कुमारी भी उपस्थित रहीं।
निरीक्षण के दौरान सत्य भूषण आर्य ने किशोर बंदियों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं एवं ऑब्जर्वेशन होम में उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक किशोर के साथ संवेदनशील एवं मानवीय व्यवहार सुनिश्चित किया जाए तथा उनकी सभी मूलभूत आवश्यकताओं का समय पर ध्यान रखा जाए।
प्रधान जिला जज ने ऑब्जर्वेशन होम के अधीक्षक को परिसर को हमेशा साफ-सुथरा, स्वच्छ एवं हाइजीनिक बनाए रखने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने कहा कि किशोर बंदियों को निर्धारित मेनू के अनुसार समय पर गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाए तथा आवश्यकता पड़ने पर मेडिकल किट, प्राथमिक उपचार और अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं भी हर समय उपलब्ध रहें।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि ऑब्जर्वेशन होम केवल किशोरों के रहने का स्थान नहीं, बल्कि उनके सुधार, संरक्षण और बेहतर भविष्य के निर्माण का केंद्र है। इसलिए यहां शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वच्छ वातावरण की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करना सभी संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी है।
यह निरीक्षण किशोर न्याय प्रणाली को और अधिक प्रभावी, मानवीय तथा जवाबदेह बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। मनोरंजन प्रसाद, ब्यूरो चीफ, बांका।







