कन्नौज मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी व्यवस्था पर सवाल, घायल बेटे को पीठ पर लादकर इलाज के लिए भटकता रहा पिता
कन्नौज: उत्तर प्रदेश के कन्नौज स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज से स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल व्यवस्था को उजागर करने वाला एक मामला सामने आया है। यहां घायल बेटे को अस्पताल लेकर पहुंचे एक पिता को स्ट्रेचर और व्हीलचेयर तक नहीं मिली। मजबूर होकर पिता अपने घायल बेटे को पीठ पर लादकर इमरजेंसी परिसर में भटकता रहा। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन सक्रिय हुआ और घायल को भर्ती कर उसका उपचार शुरू कराया गया।
जानकारी के मुताबिक, ठठिया क्षेत्र के हाजियापुर गांव निवासी जगदीश के बेटे संजय का रविवार शाम गांव के कुछ लोगों के साथ विवाद हो गया था। इस दौरान हुई मारपीट में संजय गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन उसे उपचार के लिए राजकीय मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में लेकर पहुंचे।
आरोप है कि अस्पताल पहुंचने के बाद भी घायल को तत्काल उपचार नहीं मिल सका। स्ट्रेचर और व्हीलचेयर की व्यवस्था न होने के कारण पिता को अपने घायल बेटे को पीठ पर उठाकर ले जाना पड़ा। इसी दौरान किसी व्यक्ति ने पूरी घटना का वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
वीडियो सामने आने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने घायल को आनन-फानन में भर्ती कराया और उसका इलाज शुरू किया। हालांकि, अगले दिन मरीज को दूसरे अस्पताल में रेफर कराने की प्रक्रिया के दौरान भी पिता को बेटे को पीठ पर लादकर ईएमओ कार्यालय तक ले जाना पड़ा।
इस घटना ने मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी सेवाओं और मरीजों को उपलब्ध कराई जाने वाली बुनियादी सुविधाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। सवाल यह भी है कि आपातकालीन स्थिति में स्ट्रेचर और व्हीलचेयर जैसी आवश्यक सुविधाएं मरीजों को समय पर क्यों नहीं मिल सकीं?
मामले पर मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. पुष्पेंद्र सिंह ने बताया कि इमरजेंसी में तैनात डॉक्टर से स्पष्टीकरण मांगा गया है। इसके अलावा मरीज को स्ट्रेचर और व्हीलचेयर उपलब्ध न कराए जाने के मामले की भी जांच कराई जाएगी। जांच के आधार पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।






