बरेली। जिले में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई की है। जिला मजिस्ट्रेट अविनाश सिंह ने तीन अपराधियों को छह माह की अवधि के लिए जिला बदर करने का आदेश जारी किया है। कार्रवाई की जद में मुड़िया अहमदनगर निवासी नेत्रपाल यादव, इज्जतनगर के परतापुर चौधरी निवासी तौकीब और कलारी निवासी अजय शामिल हैं।
प्रशासन की ओर से की गई इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। जिला बदर की कार्रवाई के तहत संबंधित व्यक्तियों को निर्धारित अवधि तक जिले की सीमा से बाहर रहना होगा। प्रशासन का उद्देश्य ऐसे लोगों की गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है, जिनकी मौजूदगी से क्षेत्र की कानून-व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका रहती है।
जानकारी के अनुसार, जिला मजिस्ट्रेट अविनाश सिंह ने उपलब्ध प्रशासनिक और पुलिस रिपोर्ट के आधार पर तीनों के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई की है। इनमें सबसे पहले मुड़िया अहमदनगर निवासी नेत्रपाल यादव का नाम शामिल है। इसके अलावा इज्जतनगर थाना क्षेत्र के परतापुर चौधरी निवासी तौकीब और कलारी निवासी अजय को भी छह महीने के लिए जिले से बाहर रहने का आदेश दिया गया है।
जिला प्रशासन की इस कार्रवाई के बाद संबंधित थाना क्षेत्रों की पुलिस को भी आदेश का पालन सुनिश्चित कराने की जिम्मेदारी रहेगी। जिला बदर किए गए व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी और यदि आदेश का उल्लंघन पाया जाता है तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जा सकती है।
प्रशासन लगातार ऐसे व्यक्तियों की गतिविधियों की समीक्षा कर रहा है, जिनके खिलाफ आपराधिक मामलों का रिकॉर्ड है या जिनकी गतिविधियों के कारण क्षेत्र में शांति व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है। इसी क्रम में जिला बदर जैसी निरोधात्मक कार्रवाई की जाती है, जिससे संबंधित व्यक्ति की स्थानीय स्तर पर सक्रियता को सीमित किया जा सके और क्षेत्र में किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो।
जिला मजिस्ट्रेट की कार्रवाई से यह संदेश भी दिया गया है कि जिले में कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ प्रशासन सख्त रुख अपनाएगा। पुलिस और प्रशासन की ओर से अपराधियों पर निगरानी बढ़ाने के साथ-साथ संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार कार्रवाई की जा रही है।
जिला बदर की कार्रवाई कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रशासन के पास उपलब्ध प्रमुख निरोधात्मक उपायों में शामिल है। इसके तहत सक्षम अधिकारी परिस्थितियों और रिकॉर्ड का परीक्षण करने के बाद संबंधित व्यक्ति को एक निश्चित अवधि के लिए जिले की सीमा से बाहर रहने का आदेश दे सकते हैं। इस दौरान आदेश की शर्तों का पालन करना अनिवार्य होता है।
बरेली प्रशासन की ओर से तीन लोगों के खिलाफ एक साथ की गई इस कार्रवाई को अपराध नियंत्रण अभियान से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रशासन का कहना है कि जिले में शांति, सुरक्षा और सामान्य कानून-व्यवस्था बनाए रखना प्राथमिकता है और इसके लिए आवश्यकतानुसार सख्त कदम उठाए जाते रहेंगे।
फिलहाल नेत्रपाल यादव, तौकीब और अजय को छह माह के लिए जिला बदर किया गया है। जिला प्रशासन और पुलिस संबंधित आदेश के अनुपालन की निगरानी करेंगे। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त लोगों के खिलाफ आगे भी कानून के दायरे में प्रभावी कार्रवाई जारी रहेगी।






