भैसमा//आदिवासी सेवा सहकारी समिति भैसमा में स्वतंत्रता दिवस समारोह बड़े ही हर्षोल्लास, देशभक्ति और उत्साह के साथ मनाया गया। समिति प्रांगण में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व विधायक श्याम लाल कंवर ने ध्वजारोहण किया। ध्वजारोहण के बाद उपस्थित लोगों ने राष्ट्रगान गाकर राष्ट्रध्वज को सलामी दी और देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर शहीदों को श्रद्धापूर्वक याद किया।
कार्यक्रम में जनपद सदस्य भूपेंद्र कंवर, भाजपा मंडल उपाध्यक्ष गोवर्धन पटेल, पूर्व जनपद अध्यक्ष सरमन सिंह कंवर, तय्यूब मोहम्मद, शाला विकास समिति अध्यक्ष संतोष साहू, जोगेंद्र कौशिक, दिलीप कौशिक, चमरा सिंह कंवर, समिति प्रबंधक तुलेश्वर कौशिक, समिति कर्मचारी गोवर्धन पटवा, उमाकांत लहरे, उदय सिंह कंवर, गणेश कंवर, भाव सिंह कंवर, चंद्र कुमार राठौर सहित समिति क्षेत्र से बड़ी संख्या में किसान एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
किसानों ने अतिथियों का किया स्वागत
ध्वजारोहण के पश्चात कार्यक्रम में उपस्थित मंचस्थ अतिथियों का किसानों एवं समिति से जुड़े लोगों द्वारा स्वागत किया गया। इस दौरान देशभक्ति से ओतप्रोत वातावरण बना रहा। वक्ताओं ने स्वतंत्रता दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए देश की आजादी के लिए संघर्ष करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों और वीर जवानों के योगदान को याद किया।
अमर वीर जवानों के बलिदान को किया याद
मुख्य अतिथि पूर्व विधायक श्याम लाल कंवर ने अपने संबोधन में देश को आजादी दिलाने वाले स्वतंत्रता सेनानियों एवं अमर वीर जवानों को श्रद्धापूर्वक नमन किया। उन्होंने कहा कि देश की स्वतंत्रता असंख्य वीरों के त्याग, संघर्ष और बलिदान का परिणाम है। देश की रक्षा के लिए जवानों द्वारा किए गए सर्वोच्च बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने उपस्थित लोगों से राष्ट्रहित में अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करने का आह्वान किया।
स्वतंत्रता केवल अधिकार नहीं, जिम्मेदारी भी : तुलेश्वर कौशिक
समिति प्रबंधक तुलेश्वर कौशिक ने अपने संबोधन में स्वतंत्रता दिवस के महत्व और वीर जवानों के बलिदान पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता हमें विरासत में मिली कोई साधारण वस्तु नहीं है, बल्कि यह असंख्य वीरों के त्याग, तपस्या और बलिदान की अमूल्य धरोहर है।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता का वास्तविक अर्थ तभी सार्थक होगा, जब देश का प्रत्येक व्यक्ति सम्मानपूर्वक जीवन यापन कर सके और आर्थिक तंगी किसी परिवार के लिए भूख का कारण न बने। इसी भावना को आत्मसात करते हुए सहकारिता केवल एक व्यवस्था नहीं, बल्कि “सबके साथ, सबके लिए आगे बढ़ने” का संकल्प है।
तुलेश्वर कौशिक ने कहा कि समिति की उचित मूल्य की दुकान भी जनसेवा की इसी भावना का एक छोटा, लेकिन महत्वपूर्ण केंद्र है। यहां केवल खाद्यान्न का वितरण नहीं होता, बल्कि किसी परिवार की आशा, किसी मां की चिंता और किसी घर की रसोई का विश्वास भी इससे जुड़ा होता है। इसलिए इस सेवा से जुड़े प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है कि ईमानदारी उसकी पहचान, पारदर्शिता उसका संस्कार और जनहित उसका सर्वोच्च उद्देश्य बने।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर हमें केवल राष्ट्रध्वज को सलामी देने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अपने कर्मों और आचरण के माध्यम से तिरंगे की गरिमा को बनाए रखने का संकल्प लेना चाहिए।
देशहित में कार्य करने का लिया संकल्प
कार्यक्रम में उपस्थित अन्य अतिथियों ने भी स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए देश के विकास, समाज की एकता और जनहित में कार्य करने का संदेश दिया। वक्ताओं ने कहा कि देश की आजादी को बनाए रखना प्रत्येक नागरिक की जिम्मेदारी है। इसके लिए हमें अपने अधिकारों के साथ-साथ अपने कर्तव्यों का भी ईमानदारी से पालन करना चाहिए।
समारोह के दौरान समिति क्षेत्र से पहुंचे किसानों एवं ग्रामीणों में भी खासा उत्साह देखने को मिला। पूरे कार्यक्रम में देशभक्ति और राष्ट्रप्रेम की भावना दिखाई दी। अंत में उपस्थित लोगों ने वीर शहीदों को नमन करते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और प्रगति के लिए अपना योगदान देने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर आदिवासी सेवा सहकारी समिति भैसमा का प्रांगण राष्ट्रभक्ति के रंग में रंगा नजर आया और स्वतंत्रता दिवस समारोह उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
अशोक कुमार श्रीवास की रिपोर्ट









