दहेज में एक करोड़ की मांग का आरोप, कोर्ट परिसर में तीन तलाक देने के बाद महिला ने दर्ज कराया मुकदमा
बरेली। उत्तराखंड के हरिद्वार निवासी एक एमबीबीएस डॉक्टर पर दहेज उत्पीड़न, एक करोड़ रुपये की मांग, जान से मारने की धमकी और कोर्ट परिसर में पत्नी को तीन तलाक देने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़िता की शिकायत पर बरेली के कैंट थाने में डॉक्टर और उसके परिजनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
पीड़िता के अनुसार उसका निकाह हरिद्वार के सुल्तानपुर अदमपुर निवासी डॉक्टर मुस्तकीम से हुआ था। शादी के बाद ससुराल पक्ष ने डॉक्टर के लिए अस्पताल खोलने के नाम पर एक करोड़ रुपये की मांग की। महिला का आरोप है कि मांग पूरी न होने पर उसे लगातार प्रताड़ित किया गया।
शिकायत में कहा गया है कि ससुराल पक्ष ने संपत्ति को लेकर भी दबाव बनाया और फर्जी दस्तावेजों के जरिए अधिक जमीन दिखाकर आर्थिक लाभ लेने की बात कही। विरोध करने पर महिला के साथ अभद्र व्यवहार किया गया।
महिला ने आरोप लगाया कि वर्ष 2023 में पति और उसके परिजन बरेली आए और जान से मारने की धमकी दी। बाद में जब वह हरिद्वार में सहायक अध्यापक के साक्षात्कार के लिए गई तो पति ने रास्ते में रोककर फिर एक करोड़ रुपये की मांग की। विरोध करने पर लाइसेंसी बंदूक दिखाकर धमकाया और तीन तलाक दे दिया। इस संबंध में उसने हरिद्वार के कनखल थाने में भी शिकायत की थी।
पीड़िता के अनुसार 3 जुलाई 2026 को बरेली न्यायालय परिसर में पति से सामना हुआ। इस दौरान डॉक्टर ने कथित तौर पर कहा कि वह “यूसीसी कानून नहीं, शरीयत को मानता हूं” और वहीं दोबारा तीन तलाक दे दिया। इसके बाद महिला ने कैंट थाने में शिकायत दर्ज कराई।
सीओ प्रथम आशुतोष शिवम ने बताया कि महिला की तहरीर पर पति और अन्य ससुराल पक्ष के लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की जांच की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।






