बरेली। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना देवरनियां पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने दो शातिर चोरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से विभिन्न स्थानों से चोरी किया गया सामान और नकदी बरामद की है। गिरफ्तार आरोपियों की निशानदेही पर चोरी के कई मामलों का खुलासा हुआ है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार 1 जुलाई 2026 की रात थाना देवरनियां पुलिस क्षेत्र में चेकिंग और गश्त कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि चोरी की घटनाओं में शामिल दो युवक बरेली-नैनीताल हाईवे किनारे ग्राम बसूपुरा के पास स्थित एक खंडहर में चोरी का सामान लेकर मौजूद हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर दोनों आरोपियों को देर रात करीब 11:59 बजे गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विष्णु मौर्य पुत्र मूलचंद मौर्य और हाशिम पुत्र बाबू, दोनों निवासी ग्राम गिरधरपुर, थाना देवरनियां, जनपद बरेली के रूप में हुई। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से एक इन्वर्टर, एक बैटरी, तीन गैस सिलेंडर, तीन मोबाइल फोन एंड्रॉयड तथा 5,200 रुपये नकद बरामद हुए।
पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे दोनों दोस्त हैं और नशे की लत तथा खर्च चलाने के लिए चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे। चोरी किए गए सामान को राह चलते लोगों को कम कीमत पर बेच देते थे। आरोपियों ने बताया कि 26 मई 2026 को ग्राम गोपालपुर स्थित पंचायत घर तथा 3 जून 2026 को ग्राम मानपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय का ताला तोड़कर चोरी की थी। इसके अलावा रेलवे कॉलोनी स्थित एक आवास से इन्वर्टर, बैटरी, गैस सिलेंडर, मोबाइल फोन और नकदी चोरी करने की घटना भी स्वीकार की। बरामद नकदी उसी चोरी के सामान को बेचने से प्राप्त हुई थी।
पुलिस ने बताया कि बरामदगी के आधार पर पहले से दर्ज मुकदमों में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 317(2) की बढ़ोतरी की गई है। आरोपियों के विरुद्ध थाना देवरनियां में पहले से चोरी और अन्य मामलों के कई मुकदमे दर्ज हैं। विष्णु मौर्य के खिलाफ चार तथा हाशिम के खिलाफ तीन आपराधिक मुकदमे दर्ज पाए गए हैं।
इस कार्रवाई में उपनिरीक्षक शेखर खोखर, उपनिरीक्षक सुनील कुमार, हेड कांस्टेबल राजीव कुमार तथा कांस्टेबल संदीप कुमार, पवन बंसल और राजन की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।






