कोरबा। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की लंबित मांगों को लेकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सहायिका संयुक्त मंच छत्तीसगढ़ के आह्वान पर 27 अक्टूबर 2026 को कोरबा जिले में एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन और रैली का आयोजन किया जाएगा। इस संबंध में संयुक्त मंच की ओर से 23 अक्टूबर को परियोजना अधिकारी को पत्र सौंपकर कार्यक्रम की सूचना दी गई है।
पत्र के अनुसार, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं अपनी पांच सूत्रीय लंबित मांगों को लेकर 27 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से शाम 4 बजे तक धरना-प्रदर्शन करेंगी। इसके बाद कलेक्ट्रेट तक रैली निकालकर शासन-प्रशासन का ध्यान अपनी समस्याओं की ओर आकर्षित किया जाएगा। कार्यक्रम के माध्यम से अपनी मांगों के समर्थन में ज्ञापन भी सौंपा जाएगा।
लंबे समय से लंबित मांगों को लेकर आंदोलन
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं महिला एवं बाल विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। बच्चों के पोषण, गर्भवती महिलाओं एवं माताओं की देखभाल तथा आंगनबाड़ी केंद्रों के संचालन जैसी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने के बावजूद वे अपनी मांगों को लेकर लगातार आवाज उठा रही हैं।
संयुक्त मंच का उद्देश्य शासन का ध्यान कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं की लंबित मांगों की ओर आकर्षित करना और उनका शीघ्र निराकरण कराना है। संगठन के माध्यम से महिला कर्मियों की सेवा संबंधी समस्याओं, मानदेय और सामाजिक सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को उठाया जा रहा है।
कलेक्ट्रेट तक निकलेगी रैली
निर्धारित कार्यक्रम के तहत धरना-प्रदर्शन के पश्चात कलेक्ट्रेट तक रैली निकाली जाएगी। इस दौरान अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा जाएगा, ताकि शासन-प्रशासन तक कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं की समस्याएं पहुंच सकें।
संयुक्त मंच ने कार्यक्रम की सूचना संबंधित अधिकारियों को देते हुए आवश्यक जानकारी प्रेषित की है। अब 27 अक्टूबर को प्रस्तावित आंदोलन के माध्यम से आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाएं अपनी लंबित मांगों को लेकर एकजुट होकर आवाज उठाएंगी।
अशोक कुमार श्रीवास की रिपोर्ट, करतला।







