नई दिल्ली, : भारत के पैरा एथलीट नीरज यादव के निधन की खबर सामने आई है। एशियन पैरा गेम्स में तीन स्वर्ण पदक जीतने वाले नीरज की मंगलवार को उनके फ्लैट में मौत हुई। शुरुआती रिपोर्टों में आत्महत्या की आशंका जताई गई है। भारतीय पैरा एथलेटिक्स टीम के मुख्य कोच एस. सत्यनारायण ने उनके निधन की पुष्टि की है। हालांकि, घटना की परिस्थितियां और मौत की वजह अभी स्पष्ट नहीं हैं।
42 वर्षीय नीरज के शव का बुधवार को दिल्ली के एक अस्पताल में पोस्टमार्टम कराया जा रहा था। मुख्य कोच ने घटना पर दुख जताया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि इसके पीछे की वजह को लेकर अभी किसी निष्कर्ष पर नहीं पहुंचा जा सकता।
डोपिंग प्रतिबंध के कारण प्रतियोगिता से थे बाहर
समाचार एजेंसी पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, डोपिंग निलंबन के कारण नीरज इस महीने आइची-नागोया में हुए एशियन पैरा गेम्स में हिस्सा नहीं ले सके थे। रिपोर्ट में उनके भावनात्मक तनाव में होने की बात कही गई है। हालांकि, इस परिस्थिति का उनकी मौत से संबंध अभी स्थापित नहीं हुआ है।
एशियन पैरा गेम्स में जीते थे तीन स्वर्ण
नीरज ने अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में भारत के लिए कई उल्लेखनीय प्रदर्शन किए। वर्ष 2018 में जकार्ता एशियन पैरा गेम्स में उन्होंने भाला फेंक में स्वर्ण पदक जीता था। इसके बाद 2023 में हांगझोऊ में आयोजित एशियन पैरा गेम्स में भाला फेंक और चक्का फेंक में स्वर्ण हासिल किया। इन उपलब्धियों के साथ उन्होंने एशियन पैरा गेम्स में तीन स्वर्ण पदक अपने नाम किए।
व्हीलचेयर टेनिस से एथलेटिक्स तक का सफर
उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाले नीरज बचपन में पोलियो से प्रभावित हुए थे। एथलेटिक्स में आने से पहले वह व्हीलचेयर टेनिस खेलते थे। वर्ष 2015 में उन्होंने एथलेटिक्स की शुरुआत की और आगे चलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई। उनका निधन भारतीय पैरा खेल समुदाय के लिए दुखद खबर है। मौत की परिस्थितियों पर स्पष्ट जानकारी का इंतजार है।
रिपोर्ट : ज़ैनब सलमानी






