नई दिल्ली/उज्जैन, यौन उत्पीड़न के मामले में सजा काट रहे आसाराम को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। शीर्ष अदालत ने उनकी पैरोल की अवधि बढ़ाने से इनकार कर दिया है। साथ ही आसाराम को शाम 5 बजे तक सरेंडर करने का निर्देश दिया गया है। फिलहाल आसाराम मध्य प्रदेश के उज्जैन स्थित एक अस्पताल में भर्ती बताए जा रहे हैं।
पैरोल बढ़ाने की मांग को सुप्रीम कोर्ट ने किया खारिज
आसाराम की ओर से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों का हवाला देते हुए पैरोल की अवधि बढ़ाने की मांग की गई थी। हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें अतिरिक्त राहत देने से इनकार कर दिया।
अदालत के निर्देश के बाद अब आसाराम को निर्धारित समय सीमा के भीतर सरेंडर करना होगा। ऐसे में उनकी जेल वापसी का रास्ता साफ हो गया है।
उज्जैन के अस्पताल में भर्ती हैं आसाराम
मिली जानकारी के मुताबिक, आसाराम इस समय उज्जैन के एक अस्पताल में भर्ती हैं। उनकी स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए आगे की प्रक्रिया में चिकित्सकीय आवश्यकताओं का भी ध्यान रखा जा सकता है।
हालांकि, अदालत की ओर से पैरोल बढ़ाने से इनकार किए जाने के बाद अब यह सवाल उठ रहा है कि अस्पताल में भर्ती आसाराम को सरेंडर की प्रक्रिया के तहत किस तरह ले जाया जाएगा।
यौन उत्पीड़न मामले में काट रहे हैं सजा
आसाराम को वर्ष 2018 में जोधपुर की विशेष अदालत ने नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी।
इसके अलावा गुजरात के एक अन्य यौन उत्पीड़न मामले में भी उन्हें दोषी ठहराया जा चुका है। लंबे समय से जेल में बंद आसाराम स्वास्थ्य संबंधी कारणों से राहत की मांग करते रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद आगे क्या?
सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के मुताबिक, आसाराम को शाम 5 बजे तक सरेंडर करना है। निर्धारित समय तक अदालत के आदेश का पालन होता है या नहीं, इस पर अब सबकी नजर रहेगी।
आसाराम की स्वास्थ्य स्थिति, अस्पताल से उनकी रवानगी और जेल वापसी की प्रक्रिया को लेकर आगे की जानकारी सामने आने की उम्मीद है।






