जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता आजम खान को रविवार को गाजियाबाद की विशेष अदालत में पेश किया गया। कोर्ट परिसर के आसपास समर्थकों और स्थानीय लोगों की भीड़ जमा रही।गाजियाबाद में रविवार को समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खान की पेशी को लेकर काफी हलचल देखने को मिली। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीम उन्हें कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच विशेष पीएमएलए अदालत लेकर पहुंची। इस दौरान कोर्ट परिसर और आसपास के इलाकों में पुलिस बल तैनात रहा।दरअसल, आजम खान को शनिवार शाम रामपुर जिला जेल से रिहाई मिलने के कुछ ही देर बाद प्रवर्तन निदेशालय ने गिरफ्तार कर लिया था। यह कार्रवाई मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट और जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े कथित मनी लॉन्ड्रिंग मामले में की गई है।
ईडी ने मांगी 14 दिन की रिमांडगाजियाबाद की विशेष अदालत में पेशी के दौरान ईडी ने आजम खान से पूछताछ के लिए 14 दिनों की रिमांड मांगी। एजेंसी जौहर यूनिवर्सिटी के निर्माण और उससे जुड़े वित्तीय लेनदेन की जांच कर रही है। ईडी का आरोप है कि यूनिवर्सिटी के निर्माण में सरकारी धन के कथित दुरुपयोग और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामले सामने आए हैं।
रामपुर जेल से रिहाई के बाद फिर हुई गिरफ्तारीआजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम को दो पैन कार्ड मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से राहत मिलने के बाद शनिवार को रामपुर जेल से रिहा किया गया था। हालांकि, जेल से बाहर आते ही ईडी की टीम ने आजम खान को मनी लॉन्ड्रिंग मामले में गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद उन्हें पूछताछ के लिए दिल्ली ले जाया गया।
कोर्ट परिसर में जुटे समर्थकआजम खान की पेशी की जानकारी मिलते ही गाजियाबाद कोर्ट के आसपास समर्थकों और स्थानीय लोगों का जमावड़ा लग गया। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती की गई थी। पूरे घटनाक्रम पर राजनीतिक गलियारों की भी नजर बनी हुई है।






