होर्मुज में ‘चुंबक बम’ से टैंकर पर हमला, 27 भारतीय नाविक थे सवार; सभी सुरक्षित
ओमान के पास पनामा के झंडे वाले तेल टैंकर MT LOUISE 1 को बनाया गया निशाना, इंजन रूम में लगी आग; केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने की भारतीय नाविकों के सुरक्षित होने की पुष्टि।
नई दिल्ली: स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में समुद्री जहाजों की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं। यहां 30 अक्टूबर को 27 भारतीय नाविकों को लेकर जा रहे पनामा के झंडे वाले तेल टैंकर MT LOUISE 1 पर लिंपेट माइंस (चुंबक बम) से हमला किया गया। विस्फोट के कारण जहाज के इंजन रूम में आग लग गई। हालांकि, जहाज पर मौजूद सभी 27 भारतीय नाविक सुरक्षित हैं।
केंद्रीय बंदरगाह, जहाजरानी एवं जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि सभी भारतीय क्रू मेंबर्स सुरक्षित हैं। घटना के दौरान लगी आग पर जहाज के चालक दल ने काबू पा लिया। इसके बाद टैंकर ने दोबारा अपनी यात्रा शुरू कर दी। फिलहाल किसी के घायल होने या समुद्र में तेल फैलने की सूचना नहीं है।
छोटी नाव से पहुंचाए गए विस्फोटक
समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने समुद्री सुरक्षा से जुड़े सूत्रों के हवाले से बताया कि फरवरी में अमेरिका-ईरान युद्ध शुरू होने के बाद होर्मुज क्षेत्र में लिंपेट माइंस के इस्तेमाल से किया गया यह पहला सफल हमला है।
सूत्रों के मुताबिक, एक छोटी नाव टैंकर के करीब पहुंची और जहाज के बाहरी हिस्से पर दो लिंपेट माइंस चिपकाने के बाद वहां से चली गई। कुछ समय बाद विस्फोट हुआ, जिससे जहाज के इंजन रूम में आग लग गई और टैंकर का संचालन अस्थायी रूप से प्रभावित हुआ।
एक दिन पहले दूसरे टैंकर पर भी हुआ था हमला
होर्मुज में भारतीय नाविकों से जुड़े सुरक्षा मामलों में यह अकेली घटना नहीं है। केंद्रीय मंत्री सर्बानंद सोनोवाल के मुताबिक, 29 अक्टूबर को लाइबेरिया के झंडे वाले बड़े तेल टैंकर MT ARZANAH पर भी प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ था। उस जहाज पर दो भारतीय नागरिक सवार थे।
इस प्रकार दोनों टैंकरों पर कुल 29 भारतीय नागरिक मौजूद थे। सरकार के अनुसार, सभी भारतीय नाविक सुरक्षित हैं।
सोनोवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि केंद्र सरकार पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है। संबंधित जहाजों का प्रबंधन करने वाली कंपनियों के साथ भी संपर्क किया जा रहा है, ताकि भारतीय नाविकों की सुरक्षा और उनकी स्थिति की नियमित जानकारी मिलती रहे।
ओमान के खासाब शहर के पास हुई घटना
ब्रिटिश नौसेना से संबद्ध समुद्री सुरक्षा एजेंसी UKMTO के अनुसार, गुरुवार को हुई यह घटना ओमान के खासाब शहर से लगभग 25 समुद्री मील (करीब 46 किलोमीटर) उत्तर-पूर्व में हुई थी।
UKMTO ने अपनी शुरुआती एडवाइजरी में प्रभावित जहाज का नाम सार्वजनिक नहीं किया था। हालांकि, रॉयटर्स से बातचीत में समुद्री सुरक्षा से जुड़े तीन सूत्रों ने पुष्टि की कि निशाना बनाया गया जहाज MT LOUISE 1 था और उसके बाहरी हिस्से पर लिंपेट माइंस लगाई गई थीं।
सूत्रों ने यह भी बताया कि सितंबर में इसी तरह के हमले की कोशिश की गई थी, लेकिन उस दौरान विस्फोटक नहीं फट पाए थे।
फिलहाल 30 अक्टूबर को हुए हमले के पीछे किसका हाथ है, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। होर्मुज में लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं ने इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से गुजरने वाले तेल टैंकरों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।





