बरेली/नवाबगंज। नवाबगंज क्षेत्र के अदकटा रब्बानी बेगम गांव में धंसे पुल के कारण आवागमन की स्थिति गंभीर बनी हुई है। पुल से सामान्य आवाजाही प्रभावित होने के बाद लोगों को संकरे रास्ते से पैदल और बाइक के सहारे निकलना पड़ रहा है। बड़ी संख्या में लोगों के एक साथ पहुंचने से यहां लंबा जाम लग रहा है और पहले निकलने की होड़ में कई बार तकरार जैसी स्थिति भी बन रही है। स्थानीय लोगों को रोजाना जान जोखिम में डालकर इस रास्ते से गुजरना पड़ रहा है।
मौके पर पहुंचीं आप नेता सुनीता गंगवार
लोगों की परेशानी और पुल की स्थिति देखने आम आदमी पार्टी की नेता सुनीता गंगवार मौके पर पहुंचीं। उन्होंने पुल और आसपास की स्थिति का जायजा लिया तथा वहां मौजूद लोगों से उनकी समस्याओं के बारे में जानकारी ली। इस दौरान पुल के आसपास लोगों का भारी जमावड़ा दिखाई दिया। वाहनों की लंबी कतार और संकरे रास्ते से निकलने की कोशिश कर रहे बाइक सवारों तथा पैदल यात्रियों के कारण स्थिति और मुश्किल होती नजर आई।
सुनीता गंगवार ने कहा कि यह केवल एक गांव की समस्या नहीं है, बल्कि बड़ी आबादी के आवागमन से जुड़ा गंभीर मामला है। जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों को तत्काल मौके की स्थिति का संज्ञान लेकर लोगों को सुरक्षित रास्ता उपलब्ध कराने के लिए कदम उठाने चाहिए।
बरेली और पीलीभीत को जोड़ता है महत्वपूर्ण मार्ग
सुनीता गंगवार के मुताबिक यह मार्ग बरेली और पीलीभीत जिलों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण रास्ता है। इसके साथ ही नवाबगंज और बरखेड़ा विधानसभा क्षेत्रों के लोगों के लिए भी यह प्रमुख आवागमन मार्ग है। पुल की खराब स्थिति के कारण दोनों जिलों के लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले लोगों के साथ विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों और अन्य यात्रियों के लिए भी समस्या बनी हुई है। पुल पर सुरक्षित आवागमन नहीं होने के कारण लोगों को संकरे रास्ते से निकलना पड़ रहा है। ऐसे में भीड़ बढ़ते ही लंबा जाम लग जाता है।
पहले निकलने की होड़, तकरार की स्थिति
मौके पर हालात ऐसे दिखाई दिए कि संकरे रास्ते से बाइक और पैदल यात्रियों के एक साथ गुजरने के कारण बार-बार रास्ता बाधित हो रहा था। पहले निकलने की कोशिश में कुछ लोगों के बीच कहासुनी और तकरार जैसी स्थिति भी देखने को मिली। सबसे बड़ी चिंता सुरक्षा को लेकर है, क्योंकि जरा सी असावधानी किसी हादसे का कारण बन सकती है।
स्थानीय लोगों की परेशानी को देखते हुए सुनीता गंगवार ने मांग की कि पुल के निर्माण की प्रक्रिया तत्काल शुरू कराई जाए। उनका कहना है कि स्थायी निर्माण पूरा होने में समय लगता है तो प्रशासन को तब तक सुरक्षित वैकल्पिक मार्ग की व्यवस्था करनी चाहिए, जिससे लोगों को जोखिम उठाकर आवागमन न करना पड़े।
स्थायी समाधान तक वैकल्पिक रास्ते की मांग
सुनीता गंगवार ने कहा कि जनप्रतिनिधियों और संबंधित विभाग के अधिकारियों की प्राथमिकता लोगों की सुरक्षा होनी चाहिए। पुल की समस्या का स्थायी समाधान होने तक यातायात को व्यवस्थित करने, वैकल्पिक रास्ता उपलब्ध कराने और जाम की स्थिति से निपटने के लिए प्रभावी व्यवस्था जरूरी है।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द समस्या का समाधान नहीं किया गया और लोगों को इसी तरह परेशानियों का सामना करना पड़ा तो जन आक्रोश बढ़ सकता है और जन आंदोलन की स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि दो जिलों और दो विधानसभा क्षेत्रों के लोगों के आवागमन से जुड़े इस महत्वपूर्ण मार्ग पर सुरक्षित यातायात की व्यवस्था कब तक होगी और धंसे पुल के निर्माण की दिशा में जिम्मेदार विभाग कब ठोस कदम उठाएगा?





