Home / News / 20 साल की सजा: वैज्ञानिक अनुसंधान और ठोस साक्ष्यों के आधार पर दो आरोपियों को कठोर दंड

20 साल की सजा: वैज्ञानिक अनुसंधान और ठोस साक्ष्यों के आधार पर दो आरोपियों को कठोर दंड

बांका: अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश-सह-विशेष न्यायालय, बांका ने एक महत्वपूर्ण फैसले में दुष्कर्म एवं पोक्सो एक्ट के मामले में दो आरोपियों को कठोर सजा सुनाई है।
पुलिस कप्तान अमितेश कुमार के कुशल निर्देशन में किए गए वैज्ञानिक अनुसंधान, ठोस साक्ष्य और गवाहों की सशक्त गवाही के आधार पर विशेष लोक अभियोजक केशव मंडल द्वारा न्यायालय में प्रभावी ढंग से पक्ष प्रस्तुत किया गया। इसके बाद न्यायालय ने दोनों आरोपियों को दोषी करार देते हुए 20-20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई।
सजा पाने वाले आरोपियों में धोरेया थाना कांड संख्या 145/2022 के राहुल कुमार, पिता शंभू दास, निवासी अहिरो, थाना धोरैया, जिला बांका तथा चांदन (आनंदपुर) थाना कांड संख्या 210/2023 के अरविंद यादव, पिता नरेश यादव, निवासी गौरा टोला, ननुआ कुस्सा, थाना चंदन, जिला बांका शामिल हैं।
न्यायालय ने दोनों आरोपियों को भारतीय दंड संहिता की धारा 376 तथा पोक्सो एक्ट की धारा 4/6 के तहत दोषी पाते हुए 20 वर्ष की सजा और 50-50 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड का भुगतान नहीं करने की स्थिति में दोनों को 6-6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
यह फैसला एक बार फिर साबित करता है कि वैज्ञानिक अनुसंधान, पुख्ता साक्ष्य और मजबूत अभियोजन के माध्यम से गंभीर अपराधों में दोषियों को कानून के शिकंजे तक पहुंचाया जा सकता है। पुलिस और अभियोजन की प्रभावी पैरवी के बाद आया यह फैसला पीड़ित पक्ष के लिए न्याय की दिशा में एक बड़ी जीत माना जा रहा है। मनोरंजन प्रसाद, ब्यूरो चीफ, बांका।

Tagged:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

[post-views]
Share
Now